होटल में मिलीं चार लाशें

By: Inextlive | Publish Date: Sun 14-Jan-2018 07:01:04
A- A+
होटल में मिलीं चार लाशें

- बेसमेंट में मेंटीनेंस ऑफिस में अलाव जलाकर सो रहे थे

- पीएम में दम घुटने से मौत की पुष्टि, बिसरा सुरक्षित

- परिजनों की तहरीर पर होटल मालिक और मैनेजर पर हत्या का केस

LUCKNOW :

विभूतिखंड में शहीद पथ पर स्थित होटल रंजीश के बेसमेंट में सो रहे चार कर्मचारियों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। पुलिस के मुताबिक कमरे के अंदर तसले में कोयले की राख मिली है। आशंका है कि मजदूरों ने ठंड से बचने के लिए अलाव जलाया था। कमरा बंद होने से कार्बनडाई ऑक्साइड बाहर नहीं निकल सकी और दम घुटने से उनकी मौत हो गई। दूसरी ओर मृतकों के परिजनों ने हत्या का आरोप लगाकर हंगामा किया। देर शाम विभूतिखंड थाने में परिजनों की तहरीर पर होटल मालिक और मैनेजर के खिलाफ हत्या कर शव छिपाने के मामले में एफआईआर दर्ज की गई। वहीं देर शाम पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पुलिस ने दम घुटने से मौत की पुष्टि की है जबकि जांच के लिए बिसरा सुरक्षित किया गया है। हंगामे की आशंका को देखते हुए होटल में पीएसी तैनात कर दी।

केबिन में थी चारों की डेडबॉडी

सीओ गोमतीनगर दीपक कुमार सिंह ने बताया कि मृतकों में रामकुमार और मोहम्मद सईद पेशे से इलेक्ट्रीशियन थे। वहीं रामनरेश पेंटर का काम करता है जबकि निहाल प्लांट टेक्नीशियन था। यह सभी यहीं नाइट शिफ्ट में थे। शुक्रवार की रात काम खत्म करने के बाद सभी चारों कर्मचारी होटल के बेसमेंट में एसी प्लांट के पास बने मेंटीनेंस ऑफिस में सो गये थे। शनिवार सुबह लगभग 7.15 बजे मेंटीनेंस डिपार्टमेंट के कर्मचारी सुरेन्द्र यादव ने इनको जगाने के लिए दरवाजा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आई काफी देर तक खटखटाने के बाद उसको किसी अनहोनी की आशंका हुई। जिसके बाद उसने होटल मैनेजर रवि सावंत और सुरक्षा गार्ड को इसकी सूचना दी।

दम घुटने से हुई मौत

जानकारी मिलने पर आनन- फानन में होटल स्टाफ ने सूचना पुलिस को देने के साथ ही ऑफिस का दरवाजा तोड़ चारों को लोहिया अस्पताल पहुंचाया गया। जहां डॉक्टर्स ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। एसओ विभूति खंड सत्येन्द्र कुमार राय ने बताया कि कमरे में कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली है। कमरे के एक कोने में तसला रखा था जिसमें कोयले की राख पड़ी थी। एसओ ने बताया कि मजदूरों ने रात में ठंड से बचने के लिए कमरे में अलाव जलाया होगा, लेकिन वेंटीलेशन की जगह न होने से अलाव से निकली कार्बनडाई ऑक्साइड गैस से चारों की दम घुटने से मौत हो गई। पुलिस ने एसी प्लांट में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी खंगाली। बताया जा रहा कि फुटेज में साफ तौर अलावा जलाने की बात सामने आई है। एसओ सतेंद्र राय ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चारों कर्मचारियों की मौत दम घुटने से हुई है। डॉक्टरों ने जांच के लिए बिसरा सुरक्षित किया है।

होटल मालिक और मैनेजर के खिलाफ केस दर्ज

मृतक निहाल के भाई नियाज और कर्मचारी राम नरेश के भाई राजेंद्र ने बताया कि उनकी नाइट में ड्यूटी नहीं होती थी। शुक्रवार रात उन्हें फोन कर जबरन बुलाया गया था। चारों कर्मचारियों को सुबह 7.15 बजे केबिन में मृत देखा गया था, लेकिन परिवार को सुबह 9 बजे सूचना दी गई थी। परिजनों की तहरीर पर विभूतिखंड पुलिस ने होटल मालिक और मैनेजर के खिलाफ धारा 302 और 301 के तहत केस दर्ज किया गया है।

इनकी हुई मौत

इंदिरानगर के इस्माइलगंज निवासी, रामकुमार (30), विकासनगर के सेक्टर 12 निवासी रामनरेश (31), गोमतीनगर के विशालखंड में रहने वाले मोहम्मद सईद (29) और इंदिरानगर के चांदन गांव निवासी मोहम्मद निहाल (28) की मौत हो गई।

परिजनों की तहरीर पर देर शाम विभूतिखंड थाने में होटल रंजीश के मालिक और मैनेजर के खिलाफ हत्या कर शव छिपाने का केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई।

- दीपक कुमार, एसएसपी

inextlive from Lucknow News Desk