- BRD पहुंचा कालाजार का संभावित मरीज

- माइक्रोबायोलॉजी विभाग में जांच शुरू

GORAKHPUR: बेहद जानलेवा संक्रामक बीमारी कालाजार के कुशीनगर में बढ़ते प्रकोप से गोरखपुर का स्वास्थ्य महकमा भी अलर्ट हो गया है. शनिवार को कुशीनगर निवासी कालाजार का एक संभावित मरीज बीआरडी मेडिकल कॉलेज पहुंचा. मरीज के पहुंचते ही जिम्मेदार अलर्ट मोड पर आ गए. माइक्रोबायोलॉजी विभाग में रैपिड डायग्नोस्टिक टेस्ट किट उपलब्ध कराने के साथ बाल रोग विभाग के एचओडी को भी सतर्क कर दिया गया. इसके अलावा संभावित मरीज की रिपोर्टिग कराने के लिए निर्देशित किया गया. यहां अब तक कालाजार की रिपोर्टिग समय से ना होने के चलते परेशानी हो रही थी.

पूर्वाचल के कुशीनगर जिले में कालाजार का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है. इसके अलावा मुजफ्फरपुर में भी इसके मरीज पाए गए हैं. इससे निपटने के लिए बीआरडी मेडिकल कॉलेज ने भी तैयारी शुरू की. बीआरडी के एसआईसी एके श्रीवास्तव ने जिम्मेदारों को केंद्र सरकार के आदेश के अनुपालन में सभी कालाजार संभावित मरीजों की रिपोर्टिग कराने को कहा है. वहीं विभाग के डॉक्टर्स व जूनियर रेजिडेंट को आदेश दिया गया है कि वे हर हफ्ते इसकी रिपोर्टिग करें और सभी मरीजों की नि:शुल्क जांच माइक्रोबायोलॉजी विभाग में कराई जाए. इसके लिए केंद्र सरकार की ओर से रैपिड डायग्नोस्टिक किट भी उपलब्ध कराई गई है.

लक्षण

- अक्सर रुक-रुक कर तो कभी तेजी से बुखार चढ़ना.

-भूख ना लगना, शरीर में पीलापन और वजन में कमी.

- त्वचा-सूखी और पतली हो जाती है तथा बाल झड़ सकते हैं.

- हाथ, पैर, पेट और चेहरे का रंग भूरा हो जाता है.

- काफी तेजी से ब्लड की कमी होती है.

बचाव

- घर के आसपास मैदान, गढ्डे और नालियों में पानी जमा ना होने दें.

- सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग करें.

- कीटनाशक दवा का छिड़काव कराएं ताकि मच्छर ना पनप पाएं.

- रोगी के शरीर में पानी की कमी पूरा करने के लिए उसे नींबू पानी, लस्सी, नारियल और फलों का जूस देते रहना चाहिए.

- मरीज को ज्यादा आराम करने दें. लक्षण दिखते ही डॉक्टर से सलाह ले.

वर्जन

संभावित मरीजों की संख्या देखते हुए तैयारी पूरी कर ली गई है. संबंधित एचओडी को पत्र भेज कर जांच के अलावा रिपोर्टिग की भी जिम्मेदारी दी गई है.

- डॉ. एके श्रीवास्तव, एसआईसी बीआरडी मेडिकल कॉलेज