PATNA: पेयजल आपूर्ति योजना को बीच में ही छोड़ दिए जाने पर पटना हाईकोर्ट ने राज्य सरकार से जवाब तलब किया है. मुख्य न्यायाधीश राजेन्द्र मेनन एवं न्यायाधीश राजीव रंजन प्रसाद की दो सदस्यीय खंडपीठ ने सुधीर कुमार ओझा की लोकहित याचिका पर सुनवाई करने के बाद राज्य सरकार से चार सप्ताह में जवाब देने को कहा है.

फिर होगी सुनवाई

याचिकाकर्ता के अधिवक्ता वीके सिंह ने कोर्ट को बताया कि राज्य सरकार ने केन्द्र सरकार की मदद से गांव-कस्बे में शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए पानी टंकी का निर्माण शुरू किया था. इनमें से कई तो अधूरी रह गई जो आज तक चालू नहीं हो पाई. इससे न तो आम नागरिकों को जलापूर्ति हो सकी और न ही सरकारी राशि का सही तरीके से सदुपयोग हो पाया. याचिकाकर्ता ने कहा कि गर्मी के शुरुआत में ही नागरिकों को पेयजल की समस्या होने लगी है. जवाब आने के बाद फिर से मामले की सुनवाई होगी .