क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : रिम्स के गायनी वार्ड में 36 बेड का स्पेशल लेबर रुम बनाया जाएगा. यहां प्रेग्नेंट की प्राइवेसी को बनाए रखने के लिए तमाम व्यवस्थाएं रहेंगी. इसके लिए सेंट्रल गवर्नमेंट की ओर से फंड उपलब्ध कराया जाएगा. सेंट्रल से आई कॉमन रिव्यू टीम ने मंगलवार को भी हॉस्पिटल का जायजा लिया और कई निर्देशों के पालन के साथ सुझाव भी दिए. गौरतलब है कि सोमवार को कॉमन रिव्यू टीम ने जब गायनी वार्ड का जायजा लिया तो वहां प्राइवेसी को लेकर कई खामियां पाई गई थी, वहीं नियोनेटल वार्ड में एक मशीन पर कई नवजातों को रखकर इलाज किया जा रहा था.

रिम्स के एक्सटेंशन की जरूरत

कॉमन रिव्यू टीम ने इंस्पेक्शन के बाद काफी देर तक रिम्स डायरेक्टर के साथ बैठक की. इस दौरान अधिकारियों ने डायरेक्टर को हॉस्पिटल की स्थिति से अवगत कराया. उन्होंने कहा कि रिम्स में मरीज काफी है और बेड कम. ऐसे में हॉस्पिटल का एक्सटेंशन करने की जरूरत है. चूंकि इलाज के लिए मरीज आते है तो उस हिसाब से हॉस्पिटल में भी व्यवस्था होनी चाहिए.

फोल्डिंग बेड पर डिलीवरी का इंतजाम

स्पेशल लेबर रूम में मरीजों के लिए बेड भी स्पेशल होगा. फोल्डिंग बेड पर डिलीवरी कराने की फैसिलिटी होगी. डिलीवरी के बाद भी महिला को फोल्डिंग बेड पर ही रखा जाएगा, ताकि उन्हें ज्यादा मूवमेंट नहीं करना पड़े.इसका एक और फायदा होगा कि मरीजों को किसी भी तरह का इंफेक्शन होने की आशंका नहीं रहेगी. इसके अलावा जल्द ही सेपरेट लेबर रूम ओटी कांप्लेक्स का भी निर्माण कराया जाएगा, सुपरस्पेशियलिटी वाली सारी सुविधाएं मिलेंगी.