- प्लस टू स्कूल स्थापना के लिए महीने भर में मांगा प्रस्ताव

- सीएफएमएस के लिए जिलों में बनेंगे कंप्यूटर कोषांग

क्कन्ञ्जहृन्: प्लस टू स्कूलों में अतिथि शिक्षकों की सेवा लेने के लिए विभाग ने कवायद तेज कर दी है. शुक्रवार को शिक्षा मंत्री कृष्णनंदन प्रसाद वर्मा और प्रधान सचिव आरके महाजन ने जिलों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जल्द नियमों के मुताबिक अतिथि शिक्षकों की सेवा प्राप्त कर ली जाए ताकि गर्मी के अवकाश के बाद स्कूल खुलते ही अतिथि शिक्षक पढ़ाना प्रारंभ कर सकें. शिक्षा विभाग के सभाकक्ष में अतिथि शिक्षकों की सेवा प्राप्ति के साथ ही अन्य मसलों पर चर्चा के लिए बैठक बुलाई गई थी.

समय सीमा में बनाएं लिस्ट

बैठक के बाद शिक्षा विभाग के प्रवक्ता अमित कुमार ने बताया कि बैठक में शामिल जिलास्तर के अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि अतिथि शिक्षकों की सेवा लेने के पहले रिक्ति की गणना, रोस्टर क्लीयरेंस, मेधा सूची का निर्माण समय सीमा में किया जाए. विभाग के स्तर पर सेवा प्राप्ति के लिए जो समय तालिका निर्धारित की गई है उसका पालन किया जाए.

पंचायतों में उच्च माध्यमिक स्कूल स्थापना के लिए प्राप्त करें प्रस्ताव

पंचायतों में प्लस टू स्कूल स्थापना की चर्चा करते हुए मंत्री वर्मा ने कहा माध्यमिक विद्यालय विहीन पंचायतों में उच्च माध्यमिक विद्यालय की स्थापना के लिए एक एकड़ जमीन के स्थान पर 75 डिसमिल जमीन की अनिवार्यता निर्धारित की गई है. इस पृष्ठभूमि में माध्यमिक विद्यालय विहीन पंचायतों में उच्च माध्यमिक स्कूल की स्थापना के लिए जिला समिति से महीने भर के अंदर प्रस्ताव प्राप्त कर लिया जाए. ताकि यह कार्य प्राथमिकता के आधार पर किया जा सके.

जल्द करें कंप्यूटर ऑपरेटर की व्यवस्था

बैठक में काम्प्रहेंसिव फाइनेंशियल मैनेजमेंट सिस्टम को लेकर अधिकारियों से कहा गया है कि जिलों के कार्यालय में एक कंप्यूटर सेल की स्थापना और कंप्यूटर ऑपरेटर की व्यवस्था शीघ्र की जाए. बैठक में प्रयोगशाला उपकरणों की खरीद के लिए भी जिलों को आवश्यक निर्देश दिए गए. बैठक में मंत्री, प्रधान सचिव के अलावा आरपीएस रंजन, शिवनाथ प्रसाद, अमित कुमार, सभी जिलों के शिक्षा अधिकारी एवं कार्यक्रम पदाधिकारी मौजूद रहे.

तीन दिन में मांगा वेतन प्रस्ताव

शिक्षा मंत्री और प्रधान सचिव शिक्षा ने नियोजित शिक्षकों के वेतन भुगतान को लेकर जिलों को आवश्यक निर्देश दिए हैं. शुक्रवार को जिला शिक्षा अधिकारियों से कहा गया कि जिलों से नियोजित शिक्षकों के वेतन भुगतान का प्रस्ताव तीन दिनों में प्राप्त कर लिया जाए. ताकि समय पर वेतन भुगतान के लिए राशि जारी की जा सके. शिक्षा मंत्री और प्रधान सचिव को जानकारी दी गई कि पन्द्रह जिलों से नियोजित शिक्षकों के वेतन भुगतान का मांग पत्र मिल चुका है. जिसके बाद प्रधान सचिव ने निर्देश दिए कि शेष जिलों से तीन दिन के अंदर मांग पत्र प्राप्त कर लिया जाए.