सीएम हेल्पलाइन के तहत आ रही शिकायतों को लेकर शासन ने जारी की डिफाल्टर लिस्ट

एजुकेशन विभाग में ब्लाक लेवल पर तीन, बीएसए लेवल पर एक शिकायत पहुंची

Meerut. सीएम योगी की हेल्पलाइन पर पहुंची बेसिक शिक्षा विभाग की एक शिकायत का भी निपटारा बीएसए नहीं कर पा रहे हैं, जबकि तीन अन्य शिकायतों का निपटारा न होने के चलते मेरठ का बेसिक शिक्षा विभाग डिफॉल्टर्स की सूची में शामिल हो गया है. इसके मद्देनजर शासन ने मेरठ समेत कई जिलों के बेसिक शिक्षा विभाग को डिफॉल्टर घोषित करते हुए शिकायतों का निस्तारण न करने के संबंध में जवाब-तलब किया है.

यह है स्थिति

शासन की ओर से जारी बेसिक शिक्षा विभाग की 6 अगस्त तक की पेंडिंग शिकायतों में तीन शिकायत लेवल 1 यानि खंड शिक्षा अधिकारी को भेजी गई थी जिसमें से एक भी शिकायत का निस्तारण नहीं किया गया. जबकि लेवल-2 यानि बीएसए लेवल पर एक शिकायत पेंडिंग हैं. इसका भी निराकरण नहीं किया गया है. जिसके बाद विभाग को डिफॉल्टर घोषित कर दिया गया है.

ये है हेल्पलाइन

टोल फ्री नंबर 1076 पर कॉल करके कोई भी व्यक्ति किसी भी विभाग से संबंधित अपनी समस्या या शिकायत दर्ज करा सकता है. समस्या को संबंधित विभाग में भेजा जाता है. समाधान होने पर रिपोर्ट सीएमऑफिस भेजी जाती है. इमरजेंसी की स्थिति में संबंधित विभाग के मुख्य अधिकारी को तुरंत समस्या बताई जाती है. इस नंबर से आप सरकार के किसी भी निर्देश या उनके द्वारा जारी की गई योजना के बारे मे भी जानकारी ले सकते है.

लेवल और समय भी निर्धारित

सीएम हेल्पलाइन पर आने वाली शिकायतों को अधिकारियों के आधार पर लेवल में बांटा गया है. जिसके तहत लेवल- 1 पर 7 से 15 दिन और लेवल-2, 3 और 4 पर 7 दिन में शिकायतों का निस्तारण करना होगा. समय सीमा में निस्तारण न होने पर शिकायत दूसरे लेवल पर चली जाएगी शिकायत जितने दिन पेंडिंग रहेगी, उसकी जिम्मेदारी उस लेवल के अधिकारी की ही होगी और सीएम हेल्पलाइन से सीधे उसी से जवाब तलब किया जाएगा. बीएसए सतेंद्र सिंह ढाका ने कहा कि जो भी शिकायतें आती हैं उन्हें समय से निस्तारित कर लिया जाता है. फिलहाल जो भी पेंडिंग मामले हैं उन्हें जल्द से जल्द से निस्तारित करवाया जा रहा है.