-काशी विद्यापीठ में हॉस्टल एलाटमेंट न होने से फूटा छात्रों का गुस्सा

- यूनिवर्सिटी एडमिनिस्ट्रेशन के लिए खिलाफ की जमकर नारेबाजी

-16 जुलाई से शुरू है यूजी-पीजी सहित विभिन्न कोर्सेज की क्लासेज

काशी विद्यापीठ में पहली बार ऐसा हुआ कि अगस्त बीतने जा रहा है और अब तक स्टूडेंट्स को हॉस्टल एलॉट नहीं हो सका. कई बार गुहार लगाने के बाद भी छात्रों की मांग अनसुना करने वाले विद्यापीठ एडमिनिस्ट्रेशन के खिलाफ बुधवार को छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा. पंत प्रशासनिक भवन के पास छात्रों ने जमकर नारेबाजी की. धरना-प्रदर्शन में आवाज बुलंद करते हुए स्टूडेंट्स ने कहा कि 16 जुलाई से ही क्लासेज शुरू हो गई है, लेकिन हॉस्टल का एलाटमेंट अब तक नहीं हुआ. पूर्वाचल भर के स्टूडेंट्स डेली अप-डाउन करते हुए 75 परसेंट उपस्थिति दर्ज कराने के लिए क्लास करने को मजबूर हैं. ऐसे में उन्हें आर्थिक चपत भी लग रही है. छात्रों के आक्रोश को देखते हुए मौके पर पहुंचे चीफ वार्डेन ने सितंबर फ‌र्स्ट वीक में हॉस्टल एलाटमेंट कराने का आश्वासन दिया जब जाकर छात्रों ने धरना समाप्त किया.

एक को लिस्ट, चार-पांच को आवंटन

चीफ वार्डेन प्रो. दिवाकर लाल ने स्टूडेंट्स को भरोसा दिलाया कि एक सितंबर को लिस्ट जारी की जाएगी और चार-पांच सितंबर तक काउंसलिंग भी करा दी जाएगी. मौके पर धरनारत छात्रों ने चीफ प्रॉक्टर प्रो. शंभू उपाध्याय व चीफ वार्डेन प्रो. दिवाकर लाल श्रीवास्तव को ज्ञापन भी सौंपा. धरना-प्रदर्शन में सुशील कुमार पांडेय, हिमांशु अग्रहरी, दया सागर गोस्वामी, अंशु मिश्रा, शिवम द्विवेदी, सुशील यादव, अंशुमान बरनवाल आदि रहे.

एसएसयू में हॉस्टल के लिए आज धरना

संस्कृत यूनिवर्सिटी में भी छात्रों ने हॉस्टल एलॉटमेंट का मुद्दा उठाया है. कैंपस स्थित वाग्देवी मंदिर में बुधवार हुई मीटिंग में हॉस्टल के लिए छात्रों ने धरना देने का निर्णय लिया. इस क्रम में 30 अगस्त को दोपहर एक बजे से शाम पांच बजे तक केंद्रीय कार्यालय के सामने धरना देंगे. मीटिंग में गणेश गिरी, अभिषेक मिश्रा, प्रशांत पांडेय, देव नारायण पांडेय, अखिल धर द्विवेदी, जगदम्बा गिरी आदि रहे.