-आंवला पुलिस पर लगा पिटाई का आरोप, रुपए भी छीने

-रेस्टोरेंट संचालक बुखार से ग्रस्त नौकर को ले जा रहा था हॉस्पिटल

<-आंवला पुलिस पर लगा पिटाई का आरोप, रुपए भी छीने

-रेस्टोरेंट संचालक बुखार से ग्रस्त नौकर को ले जा रहा था हॉस्पिटल

BAREILLY: BAREILLY: कैंट और क्योलडि़या के बाद अब आंवला पुलिस पर चेकिंग के नाम पर रेस्टोरेंट संचालक की पिटाई का आरोप लगा है. रेस्टोरेंट संचालक बुखार पीडि़त नौकर को इलाज के लिए बाइक से हॉस्पिटल ले जा रहा था. आरोप है कि कॉन्स्टेबल ने चेकिंग में वाहन के कागज दिखाने के बावजूद रुपए की मांग की और रुपए न देने पर गाड़ी सीज कर दी. पीडि़त रेस्टोरेंट मालिक ने वेडनसडे को एसएसपी ऑफिस में मामले की शिकायत की है. एसएसपी ने मामले में जांच के बाद कार्रवाई की बात कही है.

नौकर को लेकर जा रहे थे हॉस्पिटल

अजीत चौहान, पेशे से व्यापारी हैं. वह आंवला के मनोना के रहने वाले हैं. इस एरिया में ही बुखार से अधिकतर लोग पीडि़त हैं और अधिकतर लोगों की जान भी जा चुकी है. अजीत चौहान का आरोप है कि ट्यूजडे शाम को वह नौकर रोहित को बुखार होने पर आंवला सीएचसी में दिखाने के लिए बाइक पर लेकर जा रहे थे. आंवला चौकी पुलिस घास मंडी फूटा दरवाजा के पास चेकिंग कर रही थी. चेकिंग के दौरान कॉन्स्टेबल अजय पुंडीर ने बाइक रोकी और कागज दिखाने के लिए कहा.

चौकी इंचार्ज ने भी की बद्तमीजी

अजीत का आरोप है कि रोहित के बुखार होने और हॉस्पिटल ले जाने की बात कही लेकिन इसके बावजूद भी कॉन्स्टेबल ने ख् हजार रुपयों की मांग की. इस पर उन्होंने रुपए देने से इनकार करते हुए चालान काटने के लिए कहा. आरोप है कि इस पर कॉन्स्टेबल ने उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी. यही नहीं पॉकेट में रखे क्ख्00 रुपए छीन लिए. आरोप है कि जब इसकी शिकायत चौकी इंचार्ज से की तो उन्होंने भी उनके साथ गाली-गलौज की.

चार दिन पहले क्योलडि़या में पिटाई

-क्क् सितंबर को स्वास्थ्य मंत्री के दौरे के दौरान चौकी चौराहा चौकी इंचार्ज प्रीती पंवार पर पार्षद के बेटे की पिटाई का आरोप लगा था.

-9 सितंबर को क्योलडि़या थाना में एसआई पर वारंटी की पिटाई का आरोप लगा था. वारंटी की तबीयत खराब होने पर परिजनों ने हंगामा किया था, जिसके बाद एसआई को लाइन हाजिर कर दिया गया था.

-फ् सितंबर जन्माष्टमी के दिन कैंट के वारी नगला में भी बीजेपी नेता की पिटाई का आरोप चौकी इंचार्ज व सिपाही पर लगा था. इस मामले में दोनों पक्ष से एफआईआर भी दर्ज कराई गई थी और विधायक भी मौके पर पहुंचे थे.

-जुलाई माह में सिविल लाइंस के एक होटल में पानी की बोतल को लेकर झगड़े में पुलिस पर ही पिटाई का आरोप लगा था. आरोप था कि पुलिस ने भ् युवकों की होटल में पिटाई के बाद थाने में लाकर भी पिटाई की थी.

-जून माह में बारादरी पुलिस पर एक युवक को गाड़ी में डालकर बंधक बनाकर घुमाने और गाली-गलौज करने का आरोप लगा था. युवक के भाई हेमंत रुद्रा शाक्या ने यूपी पुलिस से मामले में ट्वीट कर शिकायत की थी.

-जून माह में ही बारादरी की कांकरटोला चौकी में मीट कारोबारी की पुलिस कस्टडी में हालत बिगड़ने और फिर उसकी मौत का मामला सामने आया था. इस मामले में जमकर हंगामा हुआ था, जिसके बाद चौकी इंचार्ज व पुलिसकर्मियों को सस्पेंड किया गया था.

-फरवरी माह में सुभाषनगर एरिया में एक जुआरी की दौड़ाकर पिटाई का आरोप लगा था. जुआरी की बाद में लाश मिली थी. इस मामले में जुलाई माह में तत्कालीन इंस्पेक्टर व सिपाहियों पर हत्या की एफआईआर भी दर्ज हुई है.

पिटाई के आरोप में पुलिस की बात

इस मामले में एसएचओ आंवला का कहना है कि चेकिंग के दौरान अंडर ट्रेनी एसआई दुष्यंत गोस्वामी ने एक प्लेटिना बाइक को रोका था. बाइक में आगे पीछे नंबर नहीं थे और बाइक सवार कागज भी नहीं दिखा सका. वह अपना नाम भी नहीं बता रहा था. जिसके चलते वाहन सीज किया गया. मारपीट व रुपए लूट का आरोप गलत है.