- डीआईओएस ने दिए माल मलिहाबाद स्थित स्कूलों की जांच के आदेश

- पहले ही दिन इन सेंटर्स पर सामने आई थी ठेके पर नकल की सूचना

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LUCKNOW :

राजधानी में फर्जी पंजीकरण कराने वाले स्कूलों पर शिकंजा कसना शुरू हो गया है. जिला विद्यालय निरीक्षक (डीआईओएस)) के निशाने पर माल व मलिहाबाद क्षेत्र के ऐसे ही तीन स्कूल हैं. यह सभी स्कूल पहले ही क्लास 9 व 11 के फर्जी रजिस्ट्रेशन कराने के मामले में जांच के घेरे में हैं. ऐसे में अब स्कूलों के छात्र-छात्राओं के दस्तावेज खंगाले जाएंगे, जिसमें उनका मूल पता भी देखा जाएगा. डीआईओएस ने बताया कि प्रथम दृष्टया तीनों स्कूलों में स्टूडेंट्स की संख्या संग्दिध है. इसलिए अलग से जांच कराई जा रही है. आशंका जताई जा रही है कि नकल माफिया यहां ठेके पर नकल कराने में जुटे हुए हैं.

रोक के बाद भी बोर्ड में जमा करा दिए फॉर्म

कुछ समय पहले डीआईओएस और उनकी टीम ने माल और मलिहाबाद सहित शहर के कई स्कूलों में औचक निरीक्षण कर 9वीं और 11वीं के फर्जी रजिस्ट्रेशन पकड़े थे, जिस पर डीआईओएस ने 20 प्रतिशत कटौती करते हुए अन्य छात्रों के पंजीकरण संबंधी दस्तावेज जमा करने के आदेश दिए थे. सूत्रों के अनुसार इनमें से कुछ कॉलेजों ने सीधे बोर्ड में ही पंजीकरण फॉर्म जमा कर दिए.

दूसरे शहरों से पेपर देने पहुंची छात्राएं

यूपी बोर्ड के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट बोर्ड एग्जाम के पहले दिन नकल माफिया की ओर से फर्जी पंजीकरण के सहारे एग्जाम दिलाने का खेल भी सामने आया था. माल के कई सेंटर्स पर कानपुर, उन्नाव और राजधानी के आसपास के सटे इलाकों से आए स्टूडेंट्स को परीक्षा आम पट्टी के स्कूलों में दिलायी गयी थी. परीक्षा के पहले दिन गाडि़यों में भर-भरकर छात्राओं को माल और मलिहाबाद में बने सेंटर्स तक पहुंचाया गया था. मामला प्रकाश में आने के बाद डीआईओएस ने इन सभी केंद्रों पर परीक्षा दे रहे छात्रों को रिकॉर्ड चेक करने की बात कही थी.

बड़ी संख्या में डेली पहुंच रहे स्टूडेंट्स

डीआईओएस ने माल के सैदापुर, मड़वाना, खुराकर, सहित कई गांवों में बने केंद्रों की जांच करने की बात कही है. यहां पर कई बने केंद्र आम के खेतों के बीच में स्थित है. इस सेंटर पर करीब दर्जनों गाडि़यों से छात्र-छात्राओं को छह फरवरी से दर्जनों गाडि़यों से परीक्षा दिलाने के लिए सेंटर पर पहुंचाया जा रहा है. इन गाडि़यों में कानपुर, उन्नाव, रायबरेली और सीतापुर के आसपास क्षेत्रों से छात्र परीक्षा देने के लिए पहुंच रहे है. मामले की गंभीरता को देखते हुए डीआईओएस ने इन जांच के आदेश दिए हैं.

माल मलिहाबाद क्षेत्र में ठेके पर नकल कराने की बात सामने आ रही है. गाडि़यों में भरकर स्टूडेंट्स को केंद्रों पर पहुंचा जा रहा है. तीन स्कूलों को इसमें लिप्त होने की सूचना मिली है. इन सभी की जांच शुरू कर दी गई है.

- डॉ. मुकेश कुमार सिंह, डीआईओएस, लखनऊ