- नगर निगम से रजिस्ट्रेशन भी निरस्त, लगाए थे फर्जी दस्तावेज

- ट्यूबवेल ऑटोमेशन और अनुरक्षण के लिए टेंडर प्रक्रिया में था शामिल

बरेली : शहर में ट्यूबवेल के ऑटोमेशन व अनुरक्षण के टेंडर के लिए जलकल के जीएम को धमकी दिए जाने के मामले में नगर आयुक्त ने सख्त रुख अपनाया है. उन्होंने संबंधित ठेकेदार को काली सूची में डालते हुए उसका रजिस्ट्रेशन निरस्त कर दिया है.नगर निगम के जलकल विभाग ने शहर में संचालित 67 ट्यूबवेल के ऑटोमेशन और अनुरक्षण कार्य के लिए पिछले महीने टेंडर निकाले थे. इसमें चार फर्मो ने हिस्सा लिया. आखिर में वाराणसी की फर्म केएमबी इलेक्ट्रिकल को ठेका दे दिया गया. टेंडर प्रक्रिया में शामिल रिलाइट सोल्यूशंस कंपनी के विवेक गुप्ता ने टेंडर प्रक्रिया में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए आपत्ति जता दी. इतना ही नहीं उनके साथी विनीत सिंह ने टेंडर कैंसिल करने का दबाव बनाते हुए महाप्रबंधक जलकल वीएन द्विवेदी को धमकी भी दी. मामले की जानकारी होने पर नगर आयुक्त ने विवेक गुप्ता के जमा कराए गए अनुभव प्रमाणपत्र की जांच कराई गई. उनका नगर पालिका परिषद, टूंडला (फिरोजाबाद) का लगा अनुभव प्रमाणपत्र फर्जी निकला. इस पर रिलाइट सॉल्यूशन फर्म का नगर निगम से पंजीकरण निरस्त करते हुए उसे ब्लैक लिस्टेड कर दिया गया है.

वर्जन

ठेकेदार ने टेंडर प्रक्रिया में फर्जी दस्तावेज लगाए थे. जांच में खुलासा हो गया है. इस आधार पर उसका पंजीकरण निरस्त कर फर्म को ब्लैक लिस्टेड कर दिया गया है.

राजेश श्रीवास्तव, नगर आयुक्त