-जलजमाव के मुद्दे पर टकराया मेयर और पार्षदों का ‌र्इ्रगो

-पार्षदों और अधिकारियों के बीच हुआ विवाद, मेयर की कुर्सी तक पहुंचे, हुई गाली गलौज

-भाजपा के पार्षद काम रोको प्रस्ताव लाने के साथ जल निकासी की समस्या पर चर्चा की कर रहे थे मांग

-सपा पार्षद नया सवेरा योजना के तहत प्रस्तावित कार्यो को लाने की कर रहे थे बात

-मेयर भी पहले नया सवेरा पर चर्चा कराने के जिद पर थी अड़ी

ALLAHABAD: झमाझम बारिश के साथ ही आधा शहर पानी में डूबा हुआ है. मगर, सिटी की सबसे बड़ी प्रॉब्लम को छोड़ नगर निगम फ्यूचर की प्लानिंग में लगा हुआ है. इसके लिए संडे को सदन की मीटिंग बुलाई गई, लेकिन सदन में कुछ पार्षदों ने फ्यूचर प्लानिंग की जगह जलजमाव की समस्या और निराकरण पर चर्चा की मांग की. मगर, मेयर नहीं मानी. अन्य पार्षदों ने भी विरोध किया. इसको लेकर मेयर और पार्षद आमने-सामने आ गए और फिर जबर्दस्त हंगामा हो गया. तीन साल के कार्यकाल में पहली बार सदन में गालीगलौज हुआ और हालात हाथापाई तक पहुंच गए. तीन घंटे के हंगामे के बाद भी परिणाम कुछ नहीं निकला.

नया सवेरा के लिए बुलाई गई थी सदन

केंद्र सरकार की नया सवेरा योजना के तहत नगर निगम ने इलाहाबाद के लिए पांच प्रस्ताव बनाए हैं, जिनमें मोती पार्क पर मल्टी लेवल पार्किंग और चार सड़कों के कायाकल्प का प्लान शामिल है. शासन को प्रस्ताव पहले ही भेजा जा चुका है, लेकिन सदन की संस्तुति न होने से शासन ने प्रोजेक्ट पास करने से मना कर दिया. मंडे को नगर आयुक्त देवेंद्र पांडेय को लखनऊ जाना है जहां उन्हें नया सवेरा प्लान को रखना है. इसलिए संडे को सदन की मीटिंग बुलाई गई ताकि नया सवेरा को पास कर शासन को दिया जा सके.

'पहले जलजमाव पर हो चर्चा'

मेयर अभिलाषा गुप्ता की अध्यक्षता में सदन की कार्रवाई शुरू होने के बाद भाजपा पार्षद गिरी शंकर प्रभाकर के नेतृत्व में भाजपा पार्षदों ने नाला-नाली सफाई में लापरवाही का आरोप लगाते हुए काम रोको प्रस्ताव रखते हुए जलजमाव की समस्या पर चर्चा किए जाने की मांग की. इस पर हंगामा खड़ा हो गया. जलजमाव की समस्या पर पहले चर्चा को लेकर भाजपा पार्षद एक तरफ तो अन्य पार्षद और मेयर दूसरी तरफ हो गई.

तीन घंटे तक चला हंगामा

मुद्दा पब्लिक का था. भाजपा पार्षद करेंट प्रॉब्लम और बिग ईशू पर चर्चा की मांग कर रहे थे. वहीं, समाजवादी पार्टी व अन्य पार्टियों के पार्षद नया सवेरा यानी फ्यूचर प्लानिंग पर पहले चर्चा को तैयार थे. दोनों पक्ष के पार्षदों और मेयर में से कोई भी झुकने को तैयार नहीं था. न मेयर और न ही पार्षद. मेयर जलजमाव की समस्या पर चर्चा को तो तैयार थीं, लेकिन नया सवेरा पर चर्चा के बाद. वहीं, भाजपा पार्षद पहले जलजमाव पर चर्चा को लेकर अड़े थे. नतीजा ये निकला कि तीन घंटे तक चले बहस और हंगामे में कोई परिणाम नहीं निकला. शहर को डूबने से बचाने के लिए तत्काल क्या किया जा रहा है और क्या किया जाएगा इस पर कोई बातचीत नहीं हुई.

आ गए आमने-सामने

मेयर जब पहले जलजमाव पर चर्चा करने को तैयार नहीं हुई तो पार्षदों के बीच कहासुनी शुरू हो गई. पार्षद नारेबाजी व हंगामा करते हुए मेयर की मेज तक आ गए. इसके बाद गाली-गलौज करते हुए आपस में भिड़ गए. कुछ लोगों ने आक्रोश में आकर मेज पलट दी. नौबत हाथापाई तक पहुंच गई. मामला बढ़ता देख नगर आयुक्त ने सुरक्षा गार्डो के साथ ही पुलिस व पीएसी जवानों को भी सदन में बुला लिया. इस पर मामला और बढ़ गया. पार्षद गिरी शंकर प्रभाकर पर मेयर ने जहां गाली-गलौज और अभद्र भाषा के उपयोग का आरोप लगाया, वहीं गिरी शंकर प्रभाकर ने भी मेयर पर पार्षद नीरज गुप्ता को उकसाकर उन पर हाथ छोड़ने का आरोप लगाया.

टाइम लाइन

- 12.00 बजे शुरू हुई नगर निगम के सदन की मीटिंग

- 12.10 बजे तक सदन में पहुंचे थे केवल 18 पार्षद

- 12.15 बजे वार्ड 79 अतरसुईया के पार्षद गिरी शंकर प्रभाकर गिरी बाबा ने सदन में रखा काम रोको प्रस्ताव और नाला-नाली सफाई व जल निकासी समस्या पर चर्चा की मांग

- 12.18 बजे- मेयर ने कहा पहले नया सवेरा योजना पर होगी चर्चा फिर जल जमाव व नाला नाली पर होगी चर्चा, लेकिन नहीं माने भाजपा पार्षद और होने लगा हंगामा

12.30 बजे मेयर ने 15 मिनट के लिए मीटिंग स्थगित की

12.45 बजे मेयर दोबारा सदन में पहुंचीं तो भाजपा पार्षदों ने लगाया नाला-नाली साफ करो का नारा. 15 मिनट तक फिर होती रही बहस.

01.05 बजे हंगामा होता देख फिर सदन से उठ कर चली गई मेयर.

01.15 बजे फूलपुर सांसद केशव प्रसाद मौर्या पहुंचे सदन में.

01.45 पर एक बार फिर मेयर के पहुंचने पर शुरू हुई सदन की कार्रवाई

01.45 बजे से 02.00 बजे तक इसी मुद्दे पर होती रही बहस कि पहले किस विषय पर हो चर्चा.

2.00 बजे अचानक मामला गरम हो गया और नगर आयुक्त ने नगर निगम के सुरक्षा कर्मियों के साथ पुलिस व पीएसी जवानों को सदन में बुला लिया.

2.05 बजे बहस के दौरान ही गिरीशंकर प्रभाकर मेयर के मेज तक पहुंचे. नगर आयुक्त व अन्य पार्षद भी भिड़ गए. खुलेआम की गई गाली-गलौज. नारेबाजी के साथ पार्षदों ने पलटी मेज.

03.00 बजे एक बार फिर मेयर अभिलाषा गुप्ता सदन में पहुंचीं और कार्रवाई शुरू करने को कहा तो फिर भाजपा पार्षद पहले जलजमाव पर चर्चा की मांग करने लगे. बहस शुरू हो गई.

3.05 बजे मेयर ने चर्चा के बगैर ही नया सवेरा योजना के तहत प्रस्तावित पांच कार्यो को पास किए जाने की बात कहते हुए सदन की मीटिंग को स्थगित कर की.

वर्जन-

भाजपा पार्षदों ने काम रोको प्रस्ताव रखते हुए नाला-नाली सफाई व जलजमाव समस्या पर चर्चा की मांग की. जिस पर कहा गया कि नया सवेरा के बाद चर्चा की जाएगी तो प्रतिष्ठा का प्रश्न क्यों बनाया. मेरे साथ अभद्रता और गाली-गलौज की. यह सब कुछ सांसद केशव प्रसाद की मौजूदगी में हुआ और उन्होंने कुछ नहीं किया. इस पूरे मामले में सीसीटीवी फुटेज निकलवाई जा रही है. फुटेज की जांच के बाद कार्रवाई होगी. पार्षद गिरी शंकर प्रभाकर की सदस्यता समाप्त करने का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा जाएगा.

अभिलाषा गुप्ता

मेयर

वर्जन

हम विरोध नहीं बल्कि विकास चाहते हैं. इस समय जनता जलजमाव की समस्या से परेशान है, जो इस शहर की सबसे बड़ी समस्या है. ऐसे में सबसे पहले इस मुद्दे पर चर्चा करने के साथ रास्ता निकाला जाना चाहिए कि जलजमाव से लोगों को छुटकारा कैसे मिले. वहीं, नगर निगम के अधिकारी शासन को भेजे जा चुके प्रस्ताव पर चर्चा कराने की बात कह रहे हैं. जो प्रस्ताव भेजा जा चुका है, उस पर चर्चा ज्यादा जरूरी नहीं. ज्यादा जरूरी तो जलजमाव की समस्या से छुटकारा दिलाना और नाला-नाली सफाई में लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई करना है.

गिरी शंकर प्रभाकर

पार्षद वार्ड 79, अतरसुईया

वर्जन-

मैं पहली बार नगर निगम के सदन में शामिल होने पहुंचा ताकि पार्षदों के साथ चर्चा के बाद इलाहाबाद के लिए कुछ नया कर सकूं, लेकिन अफसोस ऐसा नहीं हो सका. मेयर को पहले पार्षदों की बात सुननी चाहिए और जन समस्या और विकास को पहले तवज्जो देना चाहिए, जो भी हुआ वह गलत है.

केशव प्रसाद मौर्या

सांसद, फूलपुर

साइड स्टोरी

मोती पार्क में बनेगी मल्टी लेवल पार्किंग

-शहर के चार रोडों का होगा कायाकल्प

-सदन में चर्चा के बगैर ही प्रस्ताव पास

ALLAHABAD: पुराने शहर के बहादुरगंज एरिया में स्थित मोती पार्क में जल्द ही मल्टीलेवल पार्किंग बनेगा जहां लोग अपने व्हीकल पार्क कर सकेंगे. साथ ही सिटी की चार सड़कों का कायाकल्प होगा. इन पूरे कार्यो पर करीब ख्ब् करोड़ रुपए खर्च होगा, जिसे नया सवेरा योजना के तहत गवर्नमेंट इलाहाबाद नगर निगम को देगा. ख्ब् करोड़ रुपए के इस प्रस्ताव को संडे को नगर निगम के सदन में चर्चा किए बगैर ही पास कर दिया गया.

मेयर ने खुद ही कर दिया 'ओके'

नया सवेरा योजना के तहत इलाहाबाद के लिए बनाए गए पांच प्रस्तावों पर पार्षदों की एक राय न होने और विरोध को देखते हुए मेयर अभिलाषा गुप्ता ने खुद ही कदम उठाया. चर्चा किए बगैर ही प्रस्ताव को पास किए जाने का ऐलान किया.

होने हैं ये पांच काम

क्. मोती पार्क में मल्टी लेवल पार्किंग का निर्माण. क्म् करोड़ भ्9 लाख में

ख्. पन्नालाल रोड से लाउदर रोड तक सीवाई चिंतामणि रोड पर नाली वसीसी इंटरलॉकिंग पटरी निर्माण तथा पन्ना लाल रोड से लाउदर रोड तक बिटुमिन सड़क का सुदृढ़ीकरण कार्य. एक करोड़ 87 लाख म्9 हजार फ्00 रुपया

फ्. चंद्रलोक टॉकीज चौराहा से लाउदर रोड की तरफ केपी कक्कड़ रोड की दोनों पटरी पर ब्यूटीफिकेशन का कार्य- भ्क् लाख क्0 हजार रुपए

ब्. सरोजनी नायडू रोड से फायर ब्रिगेड चौराहा तक नवाब यूसुफ रोड का सौंदर्यीकरण व सुधार कार्य. फ् करोड़ फ्भ् लाख तीन हजार फ्00 रुपए

भ्. नेतराम चौराहा से यूनिवर्सिटी रोड तक कटरा रोड का ब्यूटीफिकेशन व सुधार कार्य