भारत में चलेगी हाइपरलूप ट्रेन
भारत में हाइपरलूप ट्रेन का सपना अब पूरा होगा। आंध्र प्रदेश सरकार ने अमेरिका की हाइपरलूप ट्रांसपोर्टेशन टेक्‍नोलॉजी (एचटीटी) से एक अग्रीमेंट साइन किया है। जिसके तहत आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा से अमरावती के बीच हाइपरलूप लाइन बिछाई जाएगी। इसका काम अक्‍टूबर से शुरु होगा। यह प्रोजेक्‍ट पब्‍लिक प्राइवेट पार्टनरशिप के तहत किया जाएगा। भारत में पहली बार इस तरह का कोई समझौता हुआ है।
अमरावती से विजयवाड़ा के बीच बुलेट ट्रेन से भी तेज हाइपरलूप,6 मिनट में पूरा होगा सफर
स्‍पीड होगी 1200 किमी प्रति घंटा
हाइपरलूप चुंबकीय शक्ति पर आधारित तकनीक है। जिसके तहत खंभों के ऊपर (एलीवेटेड) पारदर्शी ट्यूब बिछाई जाती है। इसके भीतर बुलेट जैसी शक्ल की लंबी सिंगल बोगी हवा में तैरते हुए चलती है। चूंकि इसमें घर्षण बिल्कुल नहीं होता, लिहाजा इसकी रफ्तार 1100-1200 किलोमीटर प्रति घंटे या इससे भी अधिक हो सकती है। इसमें बिजली का खर्च बहुत कम है। जबकि प्रदूषण बिल्कुल नहीं है।

दो चरणों में होगा काम
हाइपरलूप लाइन के लिए कंपनी दो चरणों में काम शुरु करेगी। पहले चरण में छह महीने का फिजिबिलिटी टेस्‍ट किया जाएगा। जोकि अक्‍टूबर में शुरु हो जाएगा। इस दौरान कंपनी ट्रेन के रूट से लेकर आसपास की जगह का निरीक्षण करेगी। एक बार सबकुछ फाइनल हो जाएगा तब कंस्‍ट्रक्‍शन का काम दूसरे फेज में होगा।
अमरावती से विजयवाड़ा के बीच बुलेट ट्रेन से भी तेज हाइपरलूप,6 मिनट में पूरा होगा सफर
1600 करोड़ रुपये का आएगा खर्च
एचटीटी के चेयरमैन और को-फाउंडर बिबोप ग्रेस्‍टा के मुताबिक, उनकी कंपनी भारत में हाइपरलूप पाइप बिछाने की तैयारी कर रही है। वह इस तकनीक को भारत में लाकर काफी खुश हैं। आपको बता दें कि यह काफी बड़ा प्रोजेक्‍ट होगा। जिसकी लागत तकरीबन 1300 से 1600 करोड़ रुपये की होगी।

Interesting News inextlive from Interesting News Desk

Interesting News inextlive from Interesting News Desk