-डीएम ने अधिकारियों के साथ कलेक्ट्रेट सभागार में मीटिंग कर दिए निर्देश

बरेली:

जिलाधिकारी वीरेन्द्र कुमार सिंह की अध्यक्षता में सूखा एवं बाढ़ राहत की तैयारियों को लेकर बैठक कलेक्ट्रेट सभागार कक्ष में सम्पन्न हुई। डीएम ने ने सूखा से निपटने से सम्बन्धित समीक्षा करते हुए सम्बन्धित विभागो को निर्देश दिये कि पंचायती राज, ग्राम विकास, नगर विकास विभागों द्वारा पेयजल के सभी स्त्रोतों व संसाधनो की मरम्मत एवं उपयोग के लिए तैयार कराया जाए। खराब नलकूपों की मरम्मत, कुओं को गहरा करने और पशुओ के पेयजल के लिए नलकूपों, नहरों के माध्यम से तालाबों एवं पोखरो को भरवाने की सुनिश्चित व्यवस्था करने के भी डीएम ने निर्देश दिए। बिजली विभाग के अफसरों को खराब ट्रांसफार्मर को निर्धारित अवधि में ठीक करवाने के निर्देश दिए।

दवाओं की न हो कमी

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिये कि लोगों को लू, संक्रामक रोगों एवं महामारियो से बचाने के लिए सघन चिकित्सा एवं दवाईयों की व्यवस्था करें। पशुधन विभाग को निर्देश दिये कि पशुओं के चारे के अभाव की स्थिति से निपटने तथा पशुओ के इलाज के लिए दवाइयों की व्यवस्था करें। खाद्य व रसद विभाग को निर्देश दिये कि आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक खाद्यान्न एवं उपभोक्ता वस्तुओं की पर्याप्त व्यवस्था रखी जाये। इसके साथ ही डीएम ने कृषि विभाग व उद्यान विभाग को वैकल्पिक फसलों के साथ खाद्य एवं बीज के प्रबन्धन की व्यवस्था करने और फसलों मे रोग से बचाव के लिए कीटनाशक दवाओ की व्यवस्था करने के निर्देश दिए।

बाढ़ से निपटने की करें तैयारी

बाढ़ राहत की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिये कि संवेदनशील एवं क्षतिग्रस्त हुए बन्धों की मरम्मत आदि का कार्य 15 जून 2019 तक अवश्य पूर्ण कर लिया जाये। बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए वार्षिक कार्य योजना 31 मई तक तैयार कर ली जाये। बाढ़ से प्रभावित होने वाले व्यक्तियों व परिवारों को सुरक्षित स्थान पर लें जाने तथा राहत कैम्प के संचालन के लिये स्थान का चयन कर लिया जाये एवं जनरेटर तथा मेडिकल की उचित व्यवस्था की जाये। छोटी एवं बड़ी नाव की भी करने के डीएम ने निर्देश दिए। साथ ही लाइफ जैकेट की भी व्यवस्था की जाए। पशुओं के लिए पशुशाला, कैम्प के स्थान का पूर्व से ही चिन्हांकन कर लिया जाये साथ ही पशुओं के लिए चारे एवं भूसे की पर्याप्त व्यवस्था कर ली जाये।

बनेंगे कंट्रोल रूम

डीएम ने जनपद स्तर का बाढ़ कट्रोल रूम 10 जून तक और तहसील स्तर का कंट्रोल रूम 15 जून तक बनाए जाएं। बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए स्वंयसेवी संस्थाओ के माध्यम से आर्थिक सहयोग प्राप्त करने, कैम्पों को संचालित करने के सम्बन्ध में तैयारी कर ली जाये।

बनाई जाए डायरेक्ट्री

बाढ़ प्रभावित प्रत्येक ग्राम के कम से कम 50 व्यक्तियों के मोबाइल नम्बर की डायरेक्टरी बना लें, जिससे बाढ़ की स्थिति के पूर्व में अलर्ट किया जा सके। बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होने के पूर्व बाढ़ से सम्बन्धित कार्य में लगे जनपद स्तर के सभी अधिकारियों व कर्मचारियों, आपदा मित्रों, नाविको के मोबाइल नम्बर तथा पते की डायरेक्टरी भी तैयार करने के डीएम ने निर्देश दिए।

ये अफसर रहे मौजू

बैठक में एडीएम एफआर व नोडल बाढ मनोज कुमार पाण्डेय, एसडीएम सदर अमरेश कुमार, एसडीएम मीरगंज रोहित यादव, एसडीएम बहेड़ी ममता मालवीय, अधिशासी अभियन्ता बाढ़ खण्ड कुन्दन सिंह सहित सम्बन्धित विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।