--फॉगिंग मशीनों में फ्यूल मशीन लगाने का नगर निगम ने लिया फैसला

--फॉगिंग में जितना तेल खर्च होगा, टंकी में उतना ही हो सकेगा रिफिल

क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : फॉगिंग के नाम पर डीजल की हो रही हेराफेरी पर नियंत्रण करने के लिए नगर निगम ने फॉगिंग मशीनों में फ्यूल मीटर लगाने का फैसला किया है. इस सिस्टम के तहत फॉगिंग के लिए जितना डीजल खर्च होगा, उतना ही टंकी में रिफिल हो पाएगा. इससे तेल की हो रही चोरी पर लगाम कसने में मदद मिलेगी. बताते चलें कि फॉगिंग के नाम पर डीजल चोरी करते हुए कुछ कर्मियों के पकड़े जाने के बाद अधिकारी एक्शन मोड में आ गए है. ऐसे में फॉगिंग मशीनों में फ्यूल मीटर लगाने की कवायद शुरू कर दी गई है.

कूपन 80 का, भराते थे 30 लीटर डीजल

रांची नगर निगम में गाडि़यों में डीजल भरवाने के लिए कूपन दिया जाता है. जिसे दिखाकर संबंधित पेट्रोल पंप से जाकर डीजल या पेट्रोल मिल जाता है. ऐसे में फॉगिंग के लिए हर दिन 80 लीटर डीजल का कूपन दिया जाता था. लेकिन ड्राइवर पेट्रोल पंप से 30 लीटर ही डीजल भरवाते थे. बाकी तेल का खर्च पेट्रोल पंप से लेकर अधिकारियों तक पहुंचता था.