कूड़ा डालने के विरोध में गावड़ी में धरने पर बैठे ग्रामीण

कूड़ा डालने की जगह तलाशती रही निगम की गाडि़यां

Meerut . निगम की लापरवाही से एक बार फिर शहर कूड़े का ढेर बनने लगा है. पिछले सात दिनों में निगम ने तेजी दिखाकर जितनी जगह पर कूड़ा उठाकर सफाई की थी वहां शुक्रवार को फिर से कूड़ा डलने लगा. गावड़ी में रोक लगने के बाद हालत यह रही कि निगम की गाडि़यों को शहर में कहीं कूड़ा डालने की जगह नहीं मिल सकी. यहां तक कि निगम अब खुद अपने मिनी डंपिंग ग्राउंड में दोबारा कूड़ा एकत्र करने से कतरा रहा है. इसका नतीजा यह रहा कि शहर में अधिकतर जगहों से कूड़ा नही उठ सका और जहां से कूड़ा उठाया गया वो गाडि़यों में भरा रहा.

कूडे़ के विरोध में हंगामा

गुरुवार को गावड़ी में कूड़ा डालने के विरोध में शुरु हुए धरने के बाद शहर में भी निगम का विरोध शुरु हो गया. गावड़ी से वापस लौटी गाडि़यों का कूड़ा निगम ने देर शाम नौचंदी मैदान में डालने का प्रयास किया, लेकिन आसपास के लोगों के विरोध के चलते कूड़ा नहीं डाल सका. वहीं शुक्रवार को दोबारा निगम ने शास्त्रीनगर और जागृति विहार एक्सटेंशन में नाले किनारे कूड़ा डालने का प्रयास किया लेकिन क्षेत्रीय लोगों के विरोध के चलते निगम की गाडि़यों को वापस जाना पड़ा. देर शाम निगम ने काली नदी में कूड़ा डाल कर अपनी गाडि़यों को खाली कर दिया.

सड़कों पर कूड़ा

बुधवार तक निगम की गाडि़यों से गावड़ी में कूड़ा डालने का काम चल रहा था तब तक निगम ने शहर के कुछ डंपिंग ग्राउंड का 40 प्रतिशत कूड़ा गावड़ी में डाल दिया लेकिन गुरुवार से रोक लगते ही फिर से शहर के सड़क व चौराहों पर कूड़े का ढेर लगना शुरु हो गया.

गावड़ी में धरना जारी

सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट शुरु न होने की स्थिति में गांव गावड़ी में शुक्रवार को भी धरना जारी रहा. निगम की गाडि़यां प्लांट की जगह पर कूड़ा न डाल सकें, इसके लिए दर्जनों ग्रामीण धरना स्थल पर बैठे रहे. निगम की कुछ गाडि़यां कूड़ा डालने गावड़ी पहुंची, लेकिन विरोध के चलते वापस चली गई.

डोर टू डोर योजना प्रभावित

निगम की 25 वार्डो में जारी डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन की सुविधा भी अब प्रभावित होना शुरु हो गई. हालांकि शुक्रवार को कई वार्ड में कूड़ा कलेक्शन किया गया लेकिन देर शाम तक कूडे़ की गाडि़यां खाली नही हो सकी. यदि जल्द निगम को कूड़ा डालने की जगह नही मिली तो डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन पर भी ब्रेक लग सकते हैं.

कूड़ा निस्तारण का विकल्प तलाशा जा रहा है. तब तक के लिए अन्य जगहों पर कूड़ा डाला जा रहा है.

अली हसन कर्नी, अपर नगरायुक्त