- रूट डायवर्जन, बारिश और खरमास से बिजनेस हो रहा प्रभावित

BAREILLY:

बीते कुछ दिनों से 'ट्रिपल' मार से कपड़ा मार्केट का बिजनेस धड़ाम हो गया है. झमाझम हो रही बारिश, रूट डायवर्जन और तीन महीने तक के लिए कोई लग्न का नहीं होना व्यापारियों की कमर तोड़ दी है. मंडे को तीज होने के बाद भी बिजनेस रफ्तार नहीं पकड़ रही है. स्थिति यह है कि तीन हफ्ते में ही बिजनेस का ग्राफ 30 फीसदी से भी कम रह गया है.

50 लाख के टर्नओवर पर सिमटा मार्केट

बारिश व रूट डायवर्जन से पंजाब और दिल्ली से आने वाला माल प्रभावित हो रहा है, तो खरमास के चलते खरीदार नहीं मिल रहे हैं. यह तीनों ही चीजें व्यापारियों के बिजनेस में रोड़ा उत्पन्न कर रही हैं. कपड़ा मार्केट से जुड़े लोगों ने बताया कि बिजनेस पूरी तरह से टूट गया है. सामान्य दिनों में जहां 3 करोड़ रुपए का बिजनेस रोजाना होता था वह 50 लाख पर सिमट गया है.

स्टेबलिश होने में 4 महीने लग सकता है

यह हाल तब है जब कपड़ा मार्केट में ऑफर्स की बौछार है. वहीं मंडे को महिलाओं का सबसे खास पर्व तीज है. फिर, भी कपड़ा मार्केट रफ्तार नहीं पकड़ रहा है. व्यापारियों की मानें तो यही स्थिति रही तो बिजनेस को दोबारा स्टेबलिश होने में काफी वक्त लग जाएगा. 3-4 महीने में स्थिति सामान्य होगी. क्योंकि, 19 नम्बर तक खरमास रहेगा. जबकि, बारिश का सीजन सितम्बर तक माना जाता है. वहीं 28 अगस्त तक सावन के चलते रूट डायवर्जन रहेगा.

इससे पहले जीएसटी की मार

इससे पहले व्यापारी जीएसटी की मार झेल रहे थे. पिछले एक वर्ष में गारमेंट्स बिजनेस में ठहराव बना हुआ था. वैट में 5 फीसदी टैक्स था. जबकि, जीएसटी लागू होने के बाद गारमेंट्स वैल्यू के आधार पर टैक्स तय है. 5 से 18 फीसदी तक टैक्स होने से बिजनेस रफ्तार नहीं पकड़ रहा है. ऊपर से अब इन तीनों स्थितियों के चलते कपड़ा मार्केट पूरी तरह से टूट कर बिखर गया है.

कपड़ा मार्केट एक नजर

- 2500 गारमेंट्स स्टोर व फड़.

- 300 बड़े स्टोर गारमेंट्स के हैं.

- 3 करोड़ रुपए सामान्य दिनों में रोजाना का टर्नओवर.

- 50 लाख रुपए का टर्नओवर इस समय रोजाना का रह गया है.

- सिविल लाइंस, बड़ा बाजार, सुभाषनगर, शील चौराहा और आलमगिरी गंज गारमेंट्स के प्रमुख मार्केट हैं.

बिजनेस पर काफी असर पड़ा है. बारिश और रूट डायवर्जन से नया माल नहीं आ पा रहा है. ऊपर से खरमास चलने से बिजनेस डम्प हो गया है.

नरेंद्र कुमार गुप्ता, ओनर, गारमेंट्स स्टोर

लुधियाना और दिल्ली से गारमेंट्स आते हैं. जो इन दिनों नहीं आ पा रहे हैं. कपड़ा मार्केट का टर्नओवर रोजाना का 3 करोड़ रुपए का है. जो अब 50 लाख पर आ गया है.

दर्शनलाल भाटिया, ओनर, गारमेंट्स स्टोर