सीसीएस यूनिवर्सिटी में दूसरे दिन आयोजित किया गया व्यास समारोह

संस्कृत भाषा विभाग की ओर से आयोजित हुई वाद-विवाद प्रतियोगिता

Meerut. सीसीएस यूनिवर्सिटी में संस्कृत भाषा विभाग की ओर से आयोजित व्यास समारोह के दूसरे दिन पद्मपुराण से गृहित विषय पर वाद विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गई. इस दौरान प्राचीन और अर्वाचीन उदाहरणों से प्रतिभागियों ने अपने पक्ष रखे. इस दौरान कवियों ने संस्कृत में अपनी कविताएं भी प्रस्तुत की. जिस पर श्रोताओं ने खूब तालियां बजाकर उत्साहवर्धन किया.

प्रतिभागियों ने रखे विचार

वाद विवाद प्रतियोगिता में स्वयं को अच्छी प्रकार से जानना चाहिए, दूसरों पर दोषारोपण नहीं करना चाहिए विषय पर प्रतिभागियों ने अपने विचार व्यक्त किए. इस दोनो प्रतिभागियों ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान समाज की अव्यवस्था का एकमात्र कारण यही है कि हम दूसरों के दोष को देखते हैं लेकिन खुद को जानने का प्रयास नही करते हैं. दूसरे दिन चार सत्रों का आयोजन किया गया जिसमें छात्रों ने अपने शोध पत्र पढ़कर भी सुनाए. इसके अलावा छात्रों और छात्राओं ने कई हैरतअंगेज करतब भी दिखाए.

बढ़ रहा अवसाद रोग

कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि मौजूद डॉ. भारतेंद्र पांडेय ने कहाकि स्वयं में दोष देखना हीनता उत्पन्न करता है. ये दोष दर्शन निरर्थक है. केवल दोषों को देखने के कारण डिप्रेशन, अवसाद जैसे रोग बढ़ते जा रहे हैं. मुख्याध्यक्ष डॉ. विश्वनाथ स्वाई ने विजेताओं के नाम की घोषणा कर प्रतिभागियों को सम्मानित किया. प्रतियोगिता में संध्या, आयुषी और प्रदीप क्रमश प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पर रहे.