जीएसटी काउंसिल ने व्यापारियों को दी राहत, ट्रान-1 फार्म भरने का मिलेगा एक और मौका

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ALLAHABAD: कंफेडरेशन ऑफ आल इंडिया ट्रेडर्स इलाहाबाद शाखा के पदाधिकारियों व सदस्यों की बैठक शनिवार को इलाहाबाद कार्यालय में हुई. जिसमें जीएसटी काउंसिल की मीटिंग में कैट के राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल व करोड़ों व्यापारियों की मांग पर जीएसटीआर-3बी को सरल बनाने पर प्रसन्नता व्यक्त की गई.

सीजीएसटी के बाद एसजीएसटी होगा अपडेट

कैट के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र गोयल ने कहा कि लॉ रिव्यू एडवाइजरी कमेटी के सदस्य व कैट के राष्ट्रीय महामंत्री प्रवीण खंडेलवाल ने जीएसटी काउंसिल के सामने जीएसटी रिटर्न फाइल करने में व्यापारियों को आ रही दिक्कतों को ध्यान में रखते हुए सरलीकरण की मांग रखी थी. इसे गंभीरता से लेते हुए सरकार ने जीएसटीआर-3बी को सरल कर दिया है. अब जीएसटी पोर्टल पर 3-बी फाइल करते समय व्यापारी को पहले की तरह आउट वर्ड सप्लाई भरना होगा और सीजीएसटी या एसजीएसटी में से कोई एक टैक्स वैल्यू भरना होगा और दूसरा अपने आप पापुलेट हो जाएगा. पूर्व में दोनों टैक्स को स्वयं भरना होता था. इस कारण कभी-कभी भूलवश दोनों कॉलम में टैक्स की रकम अलग-अलग भर जाती थी. कभी ऐसा भी होता था कि आईजीएसटी सीजीएसटी और एसजीएसटी तीनों कॉलम में एक ही रकम भर जाती थी या फिर एक कॉलम की रकम दूसरी और दूसरी की तीसरे कॉलम में भर जाती थी. इस कारण टैक्स की गणना गलत हो जाती थी. खामियाजा व्यापारी को भुगतना होता था.

अपने आप जेनरेट होगा टैक्स

महेंद्र गोयल ने बताया कि अब पोर्टल स्वयं टैक्स देनदारी की गणना करेगा और जब व्यापारी मेक पेमेंट पर क्लिक करेगा तो चालान के सभी कॉलम में स्वत: टैक्स की रकम भरी हुई दिखाई देगी. पूर्व में चालान जेनरेट करते समय हर कॉलम में टैक्स की रकम खुद भरनी होती थी. ज्यादातर व्यापारी द्वारा टैक्स गलत कॉलम में भर दिया जाता था. साथ ही लायबिल्टी ऑफ सेट करते ही डीएससी या ईवीसी के द्वारा तुरंत रिटर्न फाइल हो जाएगा.

ट्रान-1 भरने का मिलेगा मौका

विभु अग्रवाल ने कहा कि अब व्यापारियों की एक और बड़ी समस्या का समाधान होने जा रहा है. जीएसटी में माइग्रेट करते समय जिन व्यापारियों ने मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी गलत भर दी है और बदलना चाहते हैं तो बदल सकेंगे. अब एडिट का आप्शन साइट पर अवेलेबल होगा. जल्द ही ट्रान-1 दाखिल करने का एक और मौका मिलेगा. इसके जरिये व्यापारियों को वैट के समय बचे माल पर एक्साइज का क्लेम करना था. 48 से 72 घंटे का समय ट्रान-1 भरने के लिए व्यापारियों को मिल सकता है, व्यापारी अपने रिकार्ड तैयार रखें. ऑप्शन मिलते ही भर दें. कैट के अनुमान के मुताबिक व्यापारियों का पूरे देश में करीब दो लाख करोड़ रुपया व इलाहाबाद में 75-100 करोड़ रुपया एक्साइज क्लेम लेना बाकी है. मीटिंग में विवेक अग्रवाल, संदीप केसरवानी, संदीप अग्रवाल, पियुष किराना वाले, अशोक ब्रिटानिया, तरंग अग्रवाल, आशुतोष गोयल, विवेक रस्तोगी, राजमोहन पुरवार, विनय साहू, पुनीत अग्रवाल, संजीव मिश्रा, अजय अवस्थी, राजेश अग्रवाल, विवेक केसरवानी, राजीव अग्रवाल आदि मौजूद रहे.