हाई कोर्ट ने पूछा, क्यों न की जाय अवमानना कार्यवाही

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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने प्रदेश के मुख्य सचिव अनूप चन्द्र पांडेय, प्रमुख सचिव पंजीयन एवं स्टैम्प हिमांशु कुमार एवं आईजी रजिस्ट्रेशन मिनेस्टी एस को अवमानना नोटिस जारी की है और स्पष्टीकरण मांगा है कि क्यों न उनके विरुद्ध अवमानना कार्यवाही की जाय. याचिका की सुनवाई 29 अक्टूबर को होगी.

यह आदेश जस्टिस एमके गुप्ता ने महेन्द्र मिश्र व 3 अन्य की अवमानना याचिका पर दिया है. कोर्ट ने इससे पहले सरकार को कोर्ट आदेश के पुनर्विचार अर्जी दाखिल करने का समय दिया था किन्तु कोई कार्यवाही न किये जाने पर कोर्ट ने नोटिस जारी की है.

क्या है मामला

सुप्रीम कोर्ट ने खगेश कुमार केश में पंजीयन विभाग के दैनिक कर्मियों को नियमित करने का आदेश दिया था

सुप्रीमकोर्ट के आदेश की आड़ में मनमानी नियुक्ति कर ली गयी जिसे हाईकोर्ट में चुनौती दी गयी

याचिका में कहा गया कि 392 लिपिकों की अनियमित व सुप्रीमकोर्ट के आदेश के विपरीत नियुक्ति कर ली गयी है

हाईकोर्ट की खण्डपीठ ने मुख्य सचिव को विधि विरुद्ध की गयी नियुक्तियों की जांच कर दोषी अधिकारियों पर 4 माह के भीतर कार्रवाई करने को कहा

सरकारी धन के गलत भुगतान के दोषी अधिकारियों से वसूली करने का निर्देश दिया

कोर्ट ने पंजीयन विभाग के आईजी सहित अन्य अधिकारियों को जांच दायरे में शामिल करने कार आदेश दिया था

अधिकारियों द्वारा आदेश का पालन किये जाने का आरोप लगाते हुए यह अवमानना याचिका दाखिल की गयी है.