क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : डोरंडा कॉलेज में इंदिरा गांधी नेशनल ओपेन यूनिवर्सिटी (इग्नू) के नए स्टडी सेंटर का उद्घाटन 13 मार्च को होगा. इसकी सारी तैयारी पूरी कर ली गई है. इग्नू के स्टडी सेंटर के खुल जाने से न सिर्फ वैसे स्टूडेंट्स को फायदा होगा, जिनका एडमिशन किन्हीं वजहों से कॉलेज में नहीं हो पाता है, बल्कि वर्किग पर्सन्स भी अपनी पढ़ाई जारी रख सकेंगे. कॉलेज प्रशासन का भी कहना है कि जिन स्टूडेंट्स का एडमिशन अगर रेगुलर कोर्स में नहीं होगा, उन्हें इग्नू में दाखिला दिलाया जाएगा.

एडमिशन का होगा ऑप्शन

इग्नू के स्टडी सेंटर के खुल जाने से स्टूडेंट्स के पास एडमिशन का ऑप्शन रहेगा. चाहे ग्रेजुएशन में एडमिशन लेना हो या पीजी अथवा जॉब ओरिएंटेड कोर्स. डोरंडा कॉलेज के साथ इग्नू स्टडी सेंटर में एडमिशन का दरवाजा खुला रहेगा. इस सेंटर में एक्सप‌र्ट्स के साथ कॉलेज के ही टीचर्स क्लास लेंगे. क्लासेज भी सप्ताह में तीन से चार दिन चलेंगे. ऐसे में यहां स्टूडेंट्स रेगुलर कोस्र की ही तरह अपनी पढ़ाई जारी रख सकेंगे. डोरंडा कॉलेज के टीचर डॉ लेखा प्रसाद और डॉ मंजू मिंज कोर्स को-ऑर्डिनेटर बनाए गए हैं.

कम होगा एडमिशन का प्रेशर

इग्नू स्टडी सेंटर के खुलने के दोहरे फायदे हैं. एक तो स्टूडेंट्स को एडमिशन में आसानी हो जाएगी, तो दूसरी तरह कॉलेज पर भी एडमिशन का दबाव कम हो जाएगा. स्टूडेंट्स अपनी च्च्छा के अनुकूल एडमिशन ले सकेंगे. 13 मार्च को इसकी ओपनिंग के साथ ही सभी कोर्सेज के लिए एडमिशन प्रक्रिया चालू कर दी जाएगी. दूसरे कॉलेजों के स्टूडेंट्स भी इस सेंटर में दाखिला ले सकते हैं.

वर्जन

13 मार्च को इग्नू के नए सेंटर की ओपनिंग होगी. इससे कॉलेज पर एडमिशन का दबाव कम होगा. इस सेंटर में दूसरे कॉलेज के भी स्टूडेंट्स दाखिला ले सकते हैं. यहां यूजी, पीजी और कई जॉब ओरिएंटेड कोर्स चलाए जाएंगे.

डॉ वीएस तिवारी

प्रिंसिपल, डोरंडा कॉलेज