शहर और सड़कों पर आंधी-तूफान से हाहाकार

Meerut: अचानक बदले मौसम ने लोगों की चिंता बढ़ा दी. इससे पहले लोगों ने भूकंप के झटके झेले और फिर अचानक आंधी-तूफान ने लोगों में और चिंता बढ़ा दी. इस तेज आंधी-तूफान से शहर में सड़कों पर हाहाकार सा मच गया. तेज हवाओं के साथ अचानक पेड़, खंभे और होर्डिग सड़कों पर आ गिरे. कई लोग इस आंधी-तूफान में फंस गए, लेकिन कोई हताहत नहीं हुआ.

तेज आंधी-तूफान ने बिगाड़ा हाल

तेज आंधी-तूफान से शहर में दर्जनों पेड़, खंभे और होर्डिग टूट गए. कुछ पेड़ सड़कों पर गिरे तो कुछ बिजली के खंभों पर गिरे. खंभों पर गिरे पेड़ व होर्डिग के कारण पूरे शहर की बिजली गुल हो गई. काफी लोग सड़कों पर पेड़ टूटने के कारण फंस गए. कई जगह ट्रैफिक भी जाम हुआ और लोगों को निकलने में दिक्कतें झेलनी पड़ी. तेजगढ़ी चौराहे पर गंगा होटल के पास एक बड़ा पेड़ सड़क पर आ गिरा. जिससे एक तरफ का रास्ता बंद हो गया. पीवीएस के सामने होर्डिग गिरने से दिक्कतें हुई. बागपत रोड पर पेड़ गिरने से सड़क जाम हो गई .

यहां भी गिरे पेड़ और होर्डिग

बाईपास रोड पर भी पीएसी के पास पेड़ टूटकर गिर गया. जिसके कारण ट्रैफिक के निकलने में परेशानी हुई. इसके साथ ही आगे जाकर एक होर्डिग ग्यारह हजार की विद्युत लाइन पर गिर गया. शहर में दर्जनों जगहों पर पेड़ गिरने से लोगों को बड़ी दिक्कतों का सामना करना पड़ा.

इनका कहना है

इस आंधी तूफान का भूकंप से कोई लेना-देना नहीं है. क्योंकि भूकंप पृथ्वी में प्लेटें खिसकने के कारण आता है और आंधी-तूफान का यह कारण नहीं होता. बारिश से इस वक्त कोई खास नुकसान नहीं है, लेकिन जो आंधी-तूफान आया है उससे आम की फसल को काफी नुकसान होगा. आज करीब 53 एमएम बारिश हुई है. जो कई फसलों के लिए लाभदायक है. अभी कई जगह गेहूं भी बचा है, तो उसको नुकसान होगा.

- डॉ. अशोक कुमार, मौसम वैज्ञानिक, एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी मेरठ

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- अंधेरे में डूबा मेडिकल

- ओपीडी पर्चे के लिए लाइन में हुई धक्का-मुक्की, लोग चिल्लाए

Meerut: सुबह से ही बुधवार को मौसम कुछ बदला-बदला सा नजर आ रहा था. सुबह पसीने वाली उमस थी, मानों सांस सा घुट रहा हो और दोपहर तक गर्मी भी तेज हो गई थी. फिर अचानक मौसम ने पलटी मारी और तेज आंधी-तूफान के साथ दस्तक दी. कुछ देर में ही दिन छिप गया था. वहीं इस आंधी-तूफान के साथ ही बिजली भी चली गई.

मरीजों की थी लंबी लाइन

दोपहर करीब साढ़े बारह बजे मेडिकल कॉलेज में मरीजों की लंबी लाइन लगी थी. दो काउंटर पर महिलाओं की लाइन थीं और दो काउंटरों पर पुरुषों की लंबी लाइन थी. तभी अचानक मौसम खराब हो गया. कुछ देर में तेज धूल भरी आंधी-तूफान ने दस्तक दी. आंधी-तूफान तेज हुआ तो बिजली गुल हो गई. बिजली जाते ही पूरा मेडिकल कॉलेज अस्पताल अंधेरे में डूब गया. गैलरी में कुछ नहीं दिखाई दे रहा था.

हुआ पंगा

अंधेरे में लाइन एकदम बिखर गई. वहीं कुछ लोगों की आवाज भी आ रही थीं कौन है, ठीक से खड़ा रह, पिटेगा क्या, कुछ ने तो गालियां भी देनी शुरू कर दी थी. करीब आधे घंटे बिजली नहीं आने पर लोगों ने जमकर हंगामा किया. बिजली आई तो लोग फिर लाइन में लगने को भागे और इसको लेकर पंगा हो गया. कुछ लोगों में जमकर गाली-गलौज हुई.