छ्वन्रूस्॥श्वष्ठक्कक्त्र: एक बार फिर मानगो में मंगलवार को जाम लग गया। कड़ी धूप में लोग सुबह 10.30 से दोपहर 2.30 तक परेशान हुए। मरीज को लेकर जा रही एंबुलेंस भी फंस गई। वाहनों की लंबी कतारे खड़ी हो गई। जाम में फंसे वाहन को स्टार्ट रहने के कारण लाखों का ईधन जल गया। हर कोई व्यवस्था को कोसता रहा। लोग समझ नही पार रहे थे कि आखिर इतना लंबा जाम क्यों लग गया। यूं तो हर दिन लचर ट्रैफिक व्यवस्था के कारण मानगो पुल और इससे सटे क्षेत्र के लोग जाम से परेशान रहते है।

दरअसल, यह जाम भुइंयाडीह से मानगो बस स्टैंड गोलचक्कर से आगे तक सड़क चौड़ीकरण के चल रहे काम के कारण लगा। काम रात में हो रहा था। मंगलवार में दिन में भी लगा दिया गया। काम में लगी तीन भारी वाहन ब्रेकडाउन हो गई जिसके कारण जाम लग गया। ट्रैफिक पुलिस जाम हटाने की कवायद में जुटती तब जाम लंबा चुका था।

जवान भी हुए परेशान

जवानों को कुछ समझ में नही आ रहा था कि आखिर क्या करे। परिणाम लोगों को भुगतना पड़ा। सरक-सरक कर लोगों को गुजरना पड़ा। जाम से निपटारे को मानगो के छोटी और बड़ी पुल से आने वाले लोगों को मानगो बस स्टैंड गोलचक्कर पर ही रोक दिया गया। साकची एमजीएम अस्पताल और भुंइयाडीह की ओर से गोलचक्कर तक आने वाले वाहनों को साकची हाथी-घोड़ा मंदिर की ओर बढ़ाया गया। मानगो जाने वाले दोपहिया वाहन चालक मेरिन ड्राइव तक किसी तरह पहुंचे। दोमुहानी पुल से कपाली होते मानगो पहुंचे। इससे पहले मानगो पुल पर जाम लगते ही मानगो की सड़क के साथ गली, चौक-चौराहे तक जाम लग गया। शहर से सटे एनएच पारडीह, डिमना रोड, बालीगुमा, चांडिल तक वाहनों का काफिला खड़ा हो गया। दोपहिया की कौन कहे पैदल भी चलना दुभर हो गया। पुल से सटे भूइंयाडीह चौक, एग्रिको, टिनप्लेट गोलचक्कर, टाटा मोटर्स गेट, कदमा-सोनारी मैरिन ड्राइव, गरमनाला रोड तक जाम लग गया। पहले से जाम थी इस बीच नो इंट्री समाप्त हो गई। भारी वाहन सड़क पर आ गए। भारी वाहनों को रोकने के लिए कोई व्यवस्था नही थी। वाहन फंसते चले गए।

जुस्को की ओर से दिन में काम करने की कोई सूचना नहीं दी गई। इस बीच कार्य में लगे तीन वाहन भी ब्रेकडाउन हो गए। जाम लग गया। फोर्स की भी कमी थी। खुद खड़े होकर जाम हटाने की कवायद में जुटे रहे।

शिवेंद्र कुमार, ट्रैफिक डीएसपी