meerut@inext.co.in

MEERUT : यूनाइटेड नेशन सिक्योरिटी काउंसिल में चीन ने आतंकी मसूद अजहर को लेकर फिर चालबाजी दिखाई. चीन ने मसूद अजहर को ग्लोबल टेरेरिस्ट घोषित करने के प्रस्ताव को रद कर दिया. चीन की इस हरकत से शहरवासियों में भी खासी नाराजगी देखी जा रही है, जिसका असर यह है कि व्यापारियों से लेकर ग्राहकों के बीच में चाइना प्रोडक्ट के बहिष्कार को लेकर चर्चाएं शुरू हो गई हैं. ग्राहकों के मूड को देखते हुए दुकानदारों ने भी होली के मौके पर चाइना के उत्पादों से दूरी बनानी शुरू कर दी है और मेड इन इंडिया प्रोडक्ट को तरजीह दे रहे हैं.

बिना टैक्स करोड़ों का बाजार

दरअसल, चाइनीज प्रोडक्ट की कपड़ों से लेकर गिफ्ट, इलेक्ट्रानिक्स, होम एप्लाइंस, मेडिसिन, मोबाइल एक्ससिरीज आदि कई क्षेत्रों में दखल है. यही नहीं होली के मौके पर तो कई चाइना प्रोडक्ट की चोरी छिपे बिक्री होती है. बताते हैं कि इन प्रोडक्ट को बिना जीएसटी बिना टैक्स लाया जाता है. सस्ते होने के कारण इन प्रोडक्ट की बिक्री भी अधिक होती है, लेकिन अब चीन की चालबाजी के नाराज शहरवासी होली के मौके पर चीन के उत्पादों के बहिष्कार का मन बना रहे हैं.

दाम में इजाफा

हालांकि, चाइनीज बैन का अभी बाजार में खास असर नहीं दिख रहा है. लेकिन आतंक के खिलाफ चीन की नीतियों से नाराज लोगों में चीन के प्रोडक्ट के बहिष्कार का मूड बन रहा है. धीरे धीरे इसका असर अब बाजार में दिखाई दे रहा है, जिसे भांपते हुए व्यापारियों ने पहले ही चाइना के उत्पादों से दूरियां बनानी शुरू कर दी है. होली पर व्यापारी अपने नुकसान से बचने के लिए अभी से ही इंडियन रंग और पिचकारी का आर्डर दे रहे हैं. ऐसे में इंडियन मेड पिचकारी और रंग आम जनता की जेब को कुछ भारी पड़ सकते हैं.

चाइनीज प्रोडक्ट की ऑन पेपर पहले ही खरीद नही है. केवल सीजनल प्रोडक्ट बिना बिल के चोरी छिपे लाए जाते हैं. इसलिए पहले से ही चाइनीज प्रोडक्ट का बाजार सिमटा हुआ है.

- बीपी सिंह

ग्राहक भी मेड इन इंडिया प्रोडक्ट को प्राथमिकता देता है. इसलिए इंडियन प्रोडक्ट ही मंगाए जाते हैं और चाइनीज की रेंज बाजार में न के बराबर है.

- शशांक, व्यापारी

चाइनीज प्रोडक्ट की गारंटी न होने के कारण पहले से ही डिमांड कम है. अब युवा भी चाइनीज प्रोडक्ट को नापसंद कर रहे हैं. ऐसे में बाजार में 90 प्रतिशत इंडियन मॉल बिक रहा है.

- सुरेश

भले ही इंडियन सामान महंगा हो लेकिन हम चीन के प्रोडक्ट नहीं खरीदेंगे. ये शुरुआत युवाओं को ही करनी होगी, तभी चाइना को जवाब मिलेगा.

- कृष्णा

दवा मार्केट में भी चाइनीज इक्यूपमेंट का अच्छा खास दखल है. अधिकतर टेस्ट किट, मसाजर, नेबुलाइजर, ब्रेथ इंल्हेलाइजर आदि चीन से आ रहे हैं. इनका प्रतिदिन का लाखों रुपए का मार्केट है. इन पर रोक लगनी चाहिए.

- अंकित, दवा व्यापारी

स्वदेशी को है अपनाना..

चीन की हरकत से गुस्साए मेरठ कॉलेज के छात्र छात्राओं ने गुरुवार को कॉलेज परिसर में चाइनीज प्रोडक्ट ना खरीदने की शपथ लेते हुए चाइना के विरोध में जमकर नारे लगाए. छात्रों ने चाइनीज प्रोडक्ट के विरोध में इस चीन को है सबक सिखाना, स्वदेशी चीजों को है अपनाना.. स्लोगन भी तैयार और स्लोगन के माध्यम से लोगों तक चाइनीज प्रोडक्ट ना खरीदने की अपील भी की है.