मिड डे मील विभाग ने किया औचक निरीक्षण, दो रोटी प्लांट पर गिरी गाज

Meerut. मिड डे मील में बच्चों को खराब क्वालिटी का खाना परोसा जा रहा है. बासी, जली और कच्ची रोटी खिलाकर एनजीओ बच्चों की सेहत से खिलवाड़ कर रहे हैं. यही नहीं बच्चों को 10 से 12 घंटे पहले बनी रोटियां खानी पड़ रही है. गुरुवार सुबह 3.30 बजे मिड डे मील के मंडलीय समन्वयक की ओर से किए गए औचक निरीक्षण में यह खुलासा हुआ.

मात्रा भी मिली कम

रोटी प्लांट में रोटी बनाने के लिए सभी काम मशीन से किए जाते हैं. सुबह 12 बजे स्कूलों में मिड डे मील सप्लाई होता है लेकिन इन प्लांट में रोटी बनाने का काम रात 10 बजे से ही शुरू हो जाता है. आटा भी रोटी बनाने से 4 से 5 घंटे पहले ही गूंथ कर रखा जा रहा था. वहीं रोटी भी निर्धारित मात्रा से कम ही मिली.

एनजीओ पर कार्रवाई

खराब खाना परोसने के एवज में काजीपुरा स्थित मानव सेवा समिति रोटी प्लांट बंद करा दिया गया है. जबकि दौराला स्थित रोटी प्लांट को भी मुलायम व सही रोटी बनाने की टिप्स दी गई है. यहां बनने वाली रोटी कुछ घंटों में ही सख्त हो जा रही थी. हालांकि यहां आटा अच्छी क्वालिटी का प्रयोग हो रहा था. यहां लंबे समय तक आटे को मुलायम बनाये रखने के लिए उसे गर्म पानी व सरसो के तेल में गूंथने के लिए कहा गया है.

पिछले कई दिनों से स्कूलों द्वारा खराब रोटी व विभाग द्वारा चेकिंग में कच्ची रोटी की शिकायत मिली थी. जिसके बाद यह कार्रवाई की गई. काजीपुरा का रोटी प्लांट खराब हो गया था, जिस कारण से रोटी सही नहीं बन रही थी. उसे बंद करवा दिया गया है.

वीरेंद्र कुमार, मंडलीय समन्वयक, मिड डे मील