एक सितंबर तक 'ई हॉस्पिटल' में तब्दील हो जाएगा एसआरएन हॉस्पिटल

कुंभ के मददेनजर चल रही प्रक्रिया, मरीजों को मिलेगा सुविधाओं का लाभ

allahabad@inext.co.in

ALLAHABAD: कुंभ मेले के दौरान मरीजों को बेहतर सुविधाएं देने की कवायद शुरू हो चुकी है. इस क्रम में एसआरएन हॉस्पिटल एक सितंबर से पहले ई हॉस्पिटल में तब्दील हो जाएगा. जिसके तहत कई हाईटेक सुविधाएं शुरू होने जा रही हैं. खासकर मरीजों का रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन होगा. उन्हें अपनी जांच रिपोर्ट के लिए लाइन नही लगानी होगी. ई हॉस्पिटल के लिए लगभग हब रूम भी बनकर तैयार हो चुका है.

फर्जीवाड़े पर लग जाएगी लगाम

एसआरएन हॉस्पिटल अब सुविधाओं के मामले में पिछड़ा नही रहेगा. ई हॉस्पिटल में बदलने के बाद अभी तक हो रहा मैनुअल रजिस्ट्रेशन फिर ऑनलाइन होगा. पूरे हॉस्पिटल में कहीं भी मरीज की पूरी डिटेल देखी जा सकेगी. इससे मेडिकल और फिटनेस को लेकर चलने वाले फर्जीवाड़े पर पूरी तरह लगाम लग जाएगी. एक दिन बाद पुरानी डेट का पर्चा बनवाना नामुमकिन होगा.

एक क्लिक में देख सकेंगे जांच रिपोर्ट

हॉस्पिटल की पैथोलाजी में की गई जांच की रिपोर्ट एक क्लिक में वार्ड में डॉक्टर देख सकेंगे. अभी तक यह रिपोर्ट लेने के लिए मरीज व परिजनों को लाइन में लगना पड़ता था. इसमें लेट लतीफी भी हो जाती थी. ई हॉस्पिटल शुरू होने के बाद पैथोलाजी से जांच रिपोर्ट को पोर्टल पर अपलोड किया जाएगा, जिसे डॉक्टर या स्टाफ तत्काल देख सकेंगे.

भविष्य में घर बैठे होगा रजिस्ट्रेशन

फिलहाल फ‌र्स्ट फेज के तहत कई सुविधाएं मरीजों को मिलेंगी. लेकिन भविष्य में एम्स और पीजीआई की तर्ज पर घर बैठे मरीज अपाइंटमेंट ले सकेंगे. उनका रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन हो जाएगा. यह सुविधा भविष्य में शुरू होने की पूरी उम्मीद है. ई हॉस्पिटल प्रोजेक्ट के नोडल इंचार्ज डॉ. कमलेश सोनकर बताते हैं कि मरीज को एलसीडी के जरिए हॉस्पिटल में उपलब्ध दवाओं का स्टॉक भी देखने को मिलेगा. इससे डॉक्टर को प्रिस्क्रिप्शन लिखने में भी आसानी होगी.

फैक्ट फाइल

3000

एसआरएन हॉस्पिटल में रोजाना आने वाले मरीजों की संख्या

1000

कुल बेडों की संख्या

10

कुल वार्डो की संख्या

60

रोजाना भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या

ई हॉस्पिटल बड़ा प्रोजेक्ट है. यह उप्र शासन के सहयोग से तैयार हो रहा है. मंडल के सबसे बड़े हॉस्पिटल होने की वजह से यहां इस सुविधा की सर्वाधिक दरकार थी. अगस्त के अंत में इसका फ‌र्स्ट फेज शुरू हो जाएगा.

-प्रो. एसपी सिंह,

प्रिंसिपल, एमएलएन मेडिकल कॉलेज