-एमडीडीए सबसे पहले अवैध निर्माण को लेकर शुरू करेगा सर्वे अभियान

-सर्वे में अवैध निर्माण पाए जाने पर होगी कार्रवाई

DEHRADUN: अब तक मौज काट चुके होटलों व हाउसिंग ग्रुप के खिलाफ मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण नकेल कसने की तैयारी कर रहा है. प्राधिकरण अब उन होटलों व हाउंसिंग ग्रुप के सर्वे करने की तैयारी कर रहा है, जिन्होंने नियमों को ताक पर रखकर अवैध निर्माण किए हैं. बताया जा रहा है कि एमडीडीए पहले नक्शे के अनुरूप सर्वे कराएगा और उसके बाद शुरू होगी कार्रवाई. हालांकि कब सर्वे होगा, इस पर वक्त लगने की बात कही गई है.

एमडीडीए को मिल रहीं शिकायतें

मसूरी देहरादून विकास प्राधिकरण का ध्यान अब ऐसे होटलों व हाउंसिंग ग्रुप पर है, जिन्होंने पिछले कुछ सालों में निर्धारित नक्शों के एवज में अवैध निर्माण किया है. बताया जा रहा है कि एमडीडीए के पास ऐसे होटलों व बिल्डरों की लगातार शिकायतें आ रही हैं. प्राधिकरण इसके लिए सबसे पहले ग्राउंड रियलिटी चैक करने के लिए सर्वे कराने के मूड में है. एमडीडीए के वीसी का कहना है कि नए सिरे से प्राधिकरण क्षेत्र में तैयार हो रहे व बन चुके होटलों के अलावा कामर्शियल भवनों की सघन चेकिंग करेगा. निर्धारित नक्शे मुताबिक निर्माण कार्य न पाए गए तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.

- ख्फ्8 हाउसिंग ग्रुप की संख्या प्राधिकरण में दर्ज.

- क्फ्फ् हाउसिंग ग्रुप दून में पांच साल पहले दर्ज थे.

- 9म् होटलों की संख्या प्राधिकरण क्षेत्र में शामिल.

- भ्0 होटलों के चालान कंपाउंडिंग के तहत हुए.

मानचित्र कैंप जारी रहेंगे

एमडीडीए की तरफ से शुरू किया गया मानचित्र कैंप जारी रहेगा. वीसी विनय शंकर पाण्डेय के मुताबिक हर माह के क्भ् व फ्0 तारीख को मानचित्र कैंप लगेंगे. इस माह फ्क् जुलाई को कैंप आयोजित किया जाएगा.

ख्0 करोड़ शेल्टर फंड की उम्मीद

एमडीडीए का शेल्टर फंड पर खास फोकस है. एमडीडीए अधिकारियों के मुताबिक ग्रुप हाउंसिंग से वसूला जाना वाला शेल्टर फंड के ख्0 करोड़ तक पहुंचने की उम्मीद है. अब तक एमडीडीए ने 80 फीसदी तक शेल्टर फंड वसूल किया है.