- चिन्हित 50 बड़े बकायेदारों में महज दो से ही हो पाई वसूली

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VARANASI

पिछले दस दिनों से बड़े बकायेदारों के खिलाफ चल रहे अभियान में नगर निगम फिलहाल फिसड्डी साबित हुआ है. निगम छोटे बकायेदारों पर तो सख्ती करता है, लेकिन बड़े बकायेदारों से वसूली नहीं कर पाता. स्थिति यह है कि निगम की ओर से चिन्हित 50 बकायेदारों में अब तक महज दो से ही वसूली हो सकी है. शनिवार को नगर निगम ने मंडलीय अस्पताल पर बकाया 50,35377 रुपये वसूले. इसके अलावा वरुणापार एरिया के एक बकायेदार से 3,37000 रुपये की वसूली की गई.

अफसरों को दी जिम्मेदारी

दरअसल, नगर आयुक्त डॉ. नितिन बंसल ने बकाया हाउस टैक्स की वसूली को लेकर जोनल अफसर से टैक्स इंस्पेक्टर की समयबद्ध जवाबदेही तय की है. बड़े बकायेदारों से वसूली की जिम्मेदारी जोनल अधिकारी, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी और कर निर्धारण अधिकारियों की है, जबकि राजस्व निरीक्षक और कर निरीक्षक को डेली पांच-पांच घरों से वसूली का टारगेट दिया गया है. 22 अगस्त को नगर आयुक्त ने पांचों जोनों के बड़े बकायेदारों की लिस्ट जारी की. बड़े बकायेदारों पर निगम का नौ करोड़ रुपये से ज्यादा बकाया है. उन्होंने जोनल अधिकारियों को दस दिन के भीतर बकाया वसूल करने के निर्देश दिए, लेकिन अब तक महज दो बकायेदारों से वसूली की जा सकी है. अब तक टोटल वसूली 7,500000 रुपये की हुई है. नगर आयुक्त डॉ. नितिन बंसल ने बताया कि बड़े बकायेदारों से वसूली की स्थिति खराब है. उन्होंने कहा कि अगले दो दिन के अवकाश के बाद जोनल अधिकारियों की वसूली प्रगति की समीक्षा की जाएगी. खराब वसूली वाले जोनल अफसरों पर विभागीय कार्रवाई होगी.