आगरा: हाईवे पर लिफाफा गैंग सवारियों को लूट रहा था. क्राइम ब्रांच टीम ने शनिवार को गैंग के सरगना समेत सात को गिरफ्तार कर इसका पर्दाफाश कर दिया. इसमें फीरोजाबाद और मैनपुरी के शातिर शामिल हैं, जो अपनी गाड़ी लेकर हाईवे पर लूट को निकलते थे. पुलिस का दावा है कि यह गैंग आगरा से वाराणसी तक वारदातें कर रहा था. शातिरों ने 500 से अधिक वारदातों का इकबाल किया है.

पुलिस ने घेराबंदी कर दबोचा

मुखबिर की सूचना पर क्राइम ब्रांच ने हाईवे पर फीरोजाबाद की ओर से आ रहे गैंग के सदस्यों की घेराबंदी शुरू कर दी. सर्विस रोड पर इंडिका और बोलेरो में सवार कुछ लोग आते दिखे. पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें दबोच लिया. एसपी सिटी प्रशांत वर्मा ने पत्रकार वार्ता में बताया कि गैंग का सरगना सत्यवीर साथियों के साथ बोलेरो गाड़ी लेकर बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन पर खड़ा होता था. एक सदस्य सवारी बनकर खड़ा होता. वह पास खड़ी सवारी को पूछ लेता कि उसे कहां जाना है? इसके बाद गाड़ी चालक को फोन कर बता देता कि सवारी कहां जानी है? चालक वहां आकर उसी शहर के लिए आवाज लगाता. सवारी को गाड़ी में बैठाकर ले जाते. गंतव्य आने से पहले गैंग के लोग सवारी को चेकिंग के झांसे में देकर उसके रुपये लिफाफे में रखवा लेते और उसे कागज से भरा दूसरा लिफाफा दे देते. वाहनों में बैठने के बाद जो सवारी अपने रुपये लिफाफे में रखने से इनकार करती थी, गैंग के सभी सदस्य उसके साथ मारपीट कर रोड पर छोड़ दिया करते थे. इससे पूर्व वह सवारी से मोबाइल को अपने कब्जे कर लेते थे. गैंग के सदस्यों ने हाईवे पर सवारियों से 500 से अधिक वारदात स्वीकार की. पुलिस ने गैंग से एक बोलेरो गाड़ी, इंडिका और गांजा बरामद किया है. पुलिस टीम में इंस्पेक्टर अनुज कुमार, एसआई अवनीश त्यागी शामिल रहे.

ये हुए गिरफ्तार

सत्यवीर सिंह निवासी पंच विहार कॉलोनी शिकोहाबाद, अरविंद निवासी निवासी जसराना फीरोजाबाद, मोहन निवासी राजपुर कलाम मैनपुरी, सतेंद्र, रामशंकर उर्फ रामू निवासी अकबरपुर जसराना, अजीत निवासी लोधपुरा जसराना, कुंवरपाल उर्फ बंटू निवासी नगला फैरती एका.