- पॉलीथिन मुक्त काशी अभियान में निगम को छोड़कर सभी विभाग रहे उदासीन

- नगर निगम की ओर से चल रहा अभियान भी पिछले हफ्ते से पड़ गया है ठंडा

>

varanasi@inext.co.in

VARANASI

इस शहर में कोई भी अभियान पहले दो तीन दिन खूब शोर-शराबे से चलता है. पर ऐसा लगता है कि कुछ दिन बाद ही उनकी बैट्री डाउन हो जाती है और अभियान बेजान हो जाता है. अब प्लास्टिक मुक्त काशी अभियान का ही हाल देख लीजिए. इस अभियान के पहले हफ्ते पॉलीथिन को लेकर ऐसे कार्रवाई हुई कि जनता को एकबारगी लगा कि अबकी प्रशासन पॉलीथिन को शहर से दूर भगा कर ही दम लेगा. पर प्रशासन की पुरानी मर्ज फिर से उभर गयी और ये अभियान भी अब सुस्त पड़ गया है. नगर निगम को छोड़कर किसी विभाग का कार्रवाई का खाता तक नहीं खुल सका है. यह स्थिति तब है, जबकि 15 अगस्त तक 50 माइक्रॉन से नीचे की पॉलीथिन पर पूरी तरह से रोक लगानी है.

डेली शासन को भेजनी है रिपोर्ट

नई व्यवस्था के तहत नगर निगम को निर्धारिट फार्मेट में डेली रिपोर्ट भेजनी है. इसमें दुकानदारों व निर्माताओं की सूची, कार्रवाई, जुर्माना, चालान, दर्ज केस समेत 11 बिन्दुओं पर जानकारी ई-मेल के माध्यम से शासन को देनी है. प्रमुख सचिव (नगर विकास) मनोज कुमार सिंह के निर्देश पर यह व्यवस्था शुरू की गई है.

विभागों ने नहीं ली जिम्मेदारी

नगर निगम, पॉल्यूशन कंट्रोल, डिस्ट्रिक एडमिनिस्ट्रेशन, पुलिस, यूपी जलनिगम (गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई), वीडीए, जलकल, जिला नगरीय विकास अभिकरण, बाल विकास एवं पुष्टाहार, वैकल्पिक ऊर्जा, उद्यान समेत डेढ़ दर्जन विभागों को कार्रवाई की जिम्मेदारी दी गई है, लेकिन निगम को छोड़कर आज तक किसी भी विभाग ने अभियान नहीं चलाया. पिछले 28 जुलाई से निगम का अभियान भी ठंडा पड़ गया है. सिर्फ इक्का-दुक्का दुकानदारों पर कार्रवाई कर कोरम पूरा किया जा रहा है.

मोहर लगाकर दे रहे सामान

दरअसल, 15 जुलाई से शासन ने 50 माइक्रॉन से नीचे की पॉलीथिन यूज करने पर प्रतिबंध लगा दिया है, लेकिन नगर निगम समेत अन्य विभागों के पास इसे नापने के लिए माइक्रो मीटर तक नहीं है. ऐसे में सिर्फ अनुमान के आधार पर दुकानदारों पर कार्रवाई की जा रही है. दुकानदारों ने कार्रवाई से बचने के लिए नया पैंतरा आजमाया है. वे पॉलीथिन पर 50 माइक्रॉन से ऊपर की मोहर लगाकर कंज्यूमर्स को धड़ल्ले से सामान दे रहे हैं.

बढ़ा थैलों का कारोबार

पॉलीथिन पर प्रतिबंध से शहर में कागज, कपड़े और जूट के थैलों का कारोबार बढ़ गया है. बड़ी संख्या में दुकानदार अब थैलों में सामान देने लगे हैं. तमाम एनजीओ, व्यापारिक संगठन, स्कूल्स भी पॉलीथिन मुक्त काशी अभियान में शासन के साथ कदमताल कर रहे हैं. इससे दुकानदारों अौर पब्लिक में जागरूकता आई है.

अभियान एक नजर में

- 19 विभागों को मिली है पॉलीथिन मुक्त अभियान की जिम्मेदारी

- 15 अगस्त तक है अभियान की निर्धारित अवधि

- 1.40 लाख रुपये दुकानदारों से वसूला गया जुर्माना

- 1.65 कुंतल प्लास्टिक निगम ने की जब्त

- 85 दुकानदारों का एक पखवारे में चालान

- 1500 से ज्यादा दुकानों की जोनवार हुई चेकिंग

पॉलीथिन मुक्त अभियान के लिए नगर निगम के अलावा अन्य विभागों को भी कार्रवाई करनी थी. इसके लिए उन्हें चालान रसीदें भी उपलब्ध कराई गई, लेकिन किसी ने कार्रवाई नहीं की. निगम की ओर से डेली अभियान चल रहा है.

डॉ. एके दूबे, नगर स्वास्थ्य अधिकारी