देर से पहुंचने पर डॉयल 100 कर्मियों को पब्लिक ने पीटा
LEDHIYARI (11 June, JNN): पिटायी से टैम्पो चालक की मौत के विरोध में रविवार की रात चक्का जाम लगाने वाली पब्लिक पुलिस दीवान गोविन्द यादव की लाइसेंसी सरकारी पिस्टल भी छीन ले गयी. एसडीएम कोरांव शिवानी सिंह व अन्य अफसरों के मनाने पर तीन घंटे बाद जाम तो खुल गया लेकिन काफी कोशिश के बाद भी पिस्टल का पता नहीं चला तो सोमवार को इस संबंध में अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी गयी.

पिटाई से मरा था विक्रम चालक
बता दें कि रविवार को नारीबारी से लेडि़यारी सवारी लेकर आ रहे राजकुमार सिंह उर्फ जगजाहिर की विक्रम खपटिहा मोड़ पर पहुँचते ही पलट गयी. इसमें महेशर जहां पत्‍‌नी सत्तार अली, आहिर घायल हो गये. उन्हें 108 से भेजा एसआरएन भेजा दिया था. तीसरा घायल खुद इलाज कराने चला गया. इस घटना से नाराज लोगों ने जगजाहिर को बुरी तरह से पीट दिया था. बुरी तरह से जख्मी जगजाहिर का लोकल डॉक्टर ने इलाज से इंकार कर दिया तो पुलिस ने उसे घर पहुंचा दिया. घर पहुंचने के एक घंटे बाद उसने दम तोड़ दिया तो गुस्साये ग्रामीणों ने खीरी-लेडि़यारी मार्ग पर शव रख कर जाम लगा दिया. दो घंटे बाद घटनास्थल बहरैचा मे पहुँची 100 डायल में मौजूद गोविन्द यादव व सुनील यादव को पब्लिक ने पीट दिया और गोविंद की सरकारी पिस्टल छीन ले गये.

कैसे होंगे बेटी के हाथ पीले
मृतक राजकुमार सिंह बहरैचा की पत्‍‌नी मुन्ना देवी उम्र 40 वर्ष, इनका दो लड़के गुजरात व बाम्बे मे रहकर प्राइवेट कार्य करते हैं. दो लड़की कुमारी रवीना व करीना सिंह मां के साथ रहती हैं. रवीना की शादी की तैयारी चल रही थी. राजकुमार की पत्‍‌नी ने एसडीएम शिवानी सिंह के सामने रो-रो कर व्यथा सुनायी. बताया कि बारिश में उसका कच्चा मकान गिर गया था. कोई जमीन न होने से कई बार तहसील दिवस पर अधिकारियों से मकान के लिए गुहार लगाती रही. हल्का लेखपाल व कानूनगो ने पैसा लेने के बाद भी मकान नहीं दिया. इस पर एसडीएम ने जांच कराने जाने की बात कही.