कानपुर। भारत बनाम ऑस्ट्रेलिया के बीच सिडनी में खेले जा रहे आखिरी टेस्ट में शतक लगाने के बाद रिषभ पंत ने सबसे पहले अपनी मां को याद किया। पंत की मां का आज जन्मदिन है। चूंकि वह दिनभर मैदान में बैटिंग करते रहे। ऐसे में जब दिन का खेल खत्म हुआ तो उन्होंने मां के नाम इंस्टाग्राम पर एक इमोशनल मैसेज लिखा। आइए पढ़ें इस मैसेज का हिंदी अनुवाद..

''हैप्पी बर्थडे मां, आप वो इंसान हो जो हर परिस्थिति में मेरे साथ खड़ी रही। मैं आपसे बहुत प्यार करता हूं। मुझे आज भी याद है जब तुम मेरे प्रैक्टिस सेशन और मैच में मेरे साथ जाया करती थी। आपने मेरी सारी परेशानियों को अपने सिर पर लिया। मैं इस सब को शब्दों में बयां नहीं कर सकता। लव यू और एक बार फिर जन्मदिन की मुबारकबाद।'' इस मैसेज के साथ पंत ने अपनी और मां की एक तस्वीर भी शेयर की।

मां के साथ लंगर में खाते थे खाना
रुड़की में जन्‍में रिषभ पंत का बचपन काफी मुश्किलों में बीता था। रिषभ जहां रहते थे, वहां क्रिकेट कोचिंग के बड़े स्‍कूल नहीं थे। अपने सपनों को पूरा करने के लिए रिषभ को क्रिकेट के गुर सीखने जरूरी थे। ऐसे में 12 साल का रिषभ अपनी मां के साथ दिल्‍ली आ गया। अनजान शहर में न रहने का ठिकाना था, न ही कोई पहचान का। पंत के कोच रहे देवेंद्र शर्मा ने एक इंटरव्‍यू में इस बात का खुलासा किया था कि, मां-बेटे मोती बाग के गुरुद्वारे में रहते थे। मां गुरुद्वारे में सेवा करती थी तो रिषभ सोनेट क्लब में क्रिकेट सीखने जाते थे। रात का खाना मां-बेटे गुरुद्वारे में ही खाते थे। कई महीनों तक यही चलता रहा, बाद में उन्‍होंने एक किराए के कमरे का जुगाड़ किया और वहां रहने लगे।

भारत के उभरते बल्लेबाज
रिषभ की मेहनत बेकार नहीं गई। पिछले साल आईपीएल में धमाकेदार बैटिंग करने के बाद पंत को टीम इंडिया में खेलने का मौका मिल गया और अब तक वह अपनी तूफानी बल्लेबाजी से बहुतों को फैन बना चुके हैं। रिषभ अब तक भारत के लिए 8 टेस्ट, 3 वनडे और 10 टी-20 मैच खेल चुके हैं। यही नहीं दो टेस्ट शतक भी अपने नाम कर लिए।

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