रांची : साहिबगंज के जिला निर्वाची पदाधिकारी सह उपायुक्त के एक फरमान से टीचर्स काफी फिरंट हैं। उपायुक्त ने 19 मई को होने वाले मतदान को लेकर स्कूलों में बनाए गए बूथों पर चुनाव कर्मियों को ठहरने के लिए कई तरह की व्यवस्था करने की जिम्मेदारी वहां के प्रिंसिपल्स को दे दी है।

उपायुक्त द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि पोलिंग पार्टी 18 मई को रात में बूथ पहुंचेंगी जहां उनके ठहरने के लिए कमरे, शौचालय, पेयजल व बिजली की व्यवस्था (पंखा, बल्ब आदि सहित) सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी संबंधित स्कूल के प्रिंसिपल की होगी। यह भी कहा है कि कई क्षेत्रों में मतदान केंद्र सह विद्यालय दूरस्थ क्षेत्रों में हैं। वहां पर पोलिंग पार्टी से संपर्क कर बीएलओ द्वारा सूचित किए जाने पर संबंधित स्कूल की माता समिति द्वारा भोजन आदि की व्यवस्था (भुगतान के आधार पर) की जाएगी।

आदेश को बताया अव्यवहारिक

शिक्षक मुख्य रूप से बिजली, पंखा, बल्ब के अलावा पोलिंग पार्टी के ठहरने की व्यवस्था के फरमान से रोष में हैं। अखिल झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष बिजेंद्र चौबे व महासचिव राममूर्ति ठाकुर ने इसे अव्यवहारिक बताते हुए कहा है कि शिक्षक इन संसाधनों की व्यवस्था किस राशि से करेंगे इसका कोई जिक्र आदेश में नहीं किया गया है। उनका कहना है कि इसके लिए राशि जिला निर्वाचन कार्यालय को प्राप्त होती है। संघ के नेताओं ने निर्वाचन आयोग तथा स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग को इस ओर ध्यान आकृष्ट कराने का भी निर्णय लिया है।