क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : चिकनगुनिया और डेंगू का कहर तेजी से बढ़ता जा रहा है. आलम यह है कि अब रिम्स की सिक्योरिटी में तैनात गा‌र्ड्स भी चिकनगुनिया की चपेट में आ गए है. जिससे कि रिम्स में इलाज करा रहे मरीजों को भी अब डेंगू-चिकनगुनिया होने का खतरा मंडराने लगा है. वहीं नए इलाकों में भी मरीज मिलने से लोगों की नींद उड़ गई है. हिंदपीढ़ी, डोरंडा, हरमू, कांटाटोली, लालपुर के बाद बरियातू में भी मरीज मिलने के बाद हेल्थ डिपार्टमेंट ने भी रफ्तार पकड़ ली है. इन सबके बीच हेल्थ डिपार्टमेंट के अधिकारी परेशान हैं कि इसे कंट्रोल करने के लिए अभियान कैसे चलाएं?

लोग समझने को तैयार नहीं

हेल्थ डिपार्टमेंट के अधिकारी ने बताया कि हमारी टीम घर-घर जाकर लोगों को इससे बचने का उपाय बता रही है. वहीं लोगों से अपील की जा रही है कि किसी भी हाल में घरों में पानी जमा न होने दें. वहीं साफ पानी को भी कवर करके रखें. लेकिन लोगों पर इसका कोई असर नहीं पड़ रहा है. यही वजह है कि नए-नए इलाकों में भी बीमारी फैल रही है.

सेंट्रल से आई टीम जुटा रही डिटेल्स

राजधानी में डेंगू-चिकनगुनिया का प्रकोप तेजी से बढ़ रहा है. इसे लेकर सेंट्रल की टीम ने कुछ दिन पहले प्रभावित इलाकों का दौरा किया था. वहीं डोर टू डोर सर्विलांस में भी लोकल टीम के साथ जानकारी जुटा रही थी. इसके बाद टीम डिटेल्स लेकर चली गई. अब शनिवार को एक और टीम आई है. जिसने प्रभावित इलाकों का दौरा कर जानकारी जुटाई. साथ ही नगर निगम के अधिकारियों से सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों की आबादी, घर और मरीजों की जानकारी मांगी. इसके अलावा नगर निगम से यह भी पूछा कि उनके द्वारा रोकथाम के लिए क्या-क्या उपाय किए गए. यह रिपोर्ट सेंट्रल गवर्नमेंट को भेजी जाएगी. टीम के डॉ.राकेश कुमार गुप्ता ने बताया कि जिन शहरों में भी उन्होंने विजिट किया है उसमें रांची में तेजी से कंट्रोल प्रोग्राम चलाया गया.