जगमग होगा एयरपोर्ट

बिरसा मुंडा एयरपोर्ट के डायरेक्टर राघवेंद्र राजू ने बताया कि 100 किलोवाट का फोटो वोल्टेइक पावर प्लांट लग जाने से एयरपोर्ट तो जगमग होगा ही, यह ग्रीन एनर्जी की ओर बढ़ा एक बेहतरीन कदम होगा. फिलहाल एयरपोर्ट ग्रिड से मिलनेवाले पावर पर डिपेंडेंट है, पर सोलर पावर प्लांट लग जाने से स्थिति में बदलाव होगी. रांची एयरपोर्ट पर लगनेवाला पावर प्लांट पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप पर बेस्ड होगा. रांची से पहले रिन्यूएबल एनर्जी के यूज को बढ़ावा देने के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड फस्र्ट स्टेज में नई दिल्ली, जैसलमेर और रायपुर में सोलर पावर प्लांट लगा चुका है.
टेंडर लेनेवाली कंपनी को छह महीने के अंदर एयरपोर्ट पर सोलर पावर प्लांट की स्थापना करनी होगी और 25 सालों तक उसका मेंटेनेंस करना होगा. प्लांट लगानेवाली कंपनी को दो लाख रुपए अर्नेस्ट मनी डिपोजिट करनी होगी वहीं परफॉरमेंस बैंक गारंटी के रूप में 12,0000 रुपए जमा करने होंगे. यह अमाउंट एयरपोर्ट अथॉरिटी को एग्रीमेंट साइन करते वक्त अदा करना होगा.

1200 टन का एसी
रांची एयरपोर्ट की नई टर्मिनल बिल्डिंग 19,676 स्क्वॉयर मीटर एरिया में बनी हुई है. इसके सिक्योरिटी होल्ड एरिया में 1200 टन का एयरकंडीशनिंग सिस्टम लगा हुआ है जो चीन से इंपोर्ट किया गया है. इस सिस्टम की कीमत लगभग 9 करोड़ है. टर्मिनल बिल्डिंग में जो बैगेज कन्वेयर सिस्टम लगा है, वह सिंगापुर से इंपोर्ट किया गया है. यहां 750 केवी का जेनरेटर लगा है, जो पावर कट होने पर पूरी बिल्डिंग को पावर सप्लाई दे सकता है.