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PATNA : आईपीएल में सट्टा लगाने की लत ने शहर को बुरी तरह से जकड़ रखा है. सटोरियों का बड़ा गिरोह पटना में सक्रिय है जो मोबाइल के माध्यम से लोगों का पैसा आईपीएल मैच पर लगाते हैं. आईपीएल टीम से लेकर हर बॉल पर पैसा लगा है इसका खुलासा बुधवार को गांधी मैदान के पॉश इलाके से पकड़े गए सात सटोरियों ने किया. सटोरियों से पता चला है कि आईपीएल पर शहर के 5 करोड़ रुपए दांव पर लगे हैं. पुलिस ने सटोरियों के पास से 5 लाख रुपए नकद और 10 मोबाइल भी जब्त किया है.

शहर में 10 बुकी हैं सक्रिय

आईपीएल की सट्टेबाजी के लिए शहर में 10 बुकी सक्रिय हैं. सूत्रों के अनुसार हमेशा हारने वाली टीम पर ज्यादा दांव लगाया जाता है. इसे इस तरह भी समझा सकता है कि चेन्नई सुपर किंग्स की टीम मजूबत है इसलिए इसमें 1 रुपए दांव पर 3 रुपए मिलते हैं वहीं कोलकाता नाइट राइडर्स की टीम कमजोर है तो एक रुपए के दांव पर 17 रुपए मिलते हैं.

दुबई से चलता है पूरा मार्केट

सट्टा बाजार का निर्धारण दुबई से होता है. मैच शुरू होने से कुछ समय पहले ही दुबई से कॉल आती है. इसके साथ ही दांव लगना शुरू हो जाता है. पांच-पांच ओवर का एक-एक सेशन निर्धारित होता है. सट्टा बाजार से हर सेशन के रन निर्धारत कर दिए जाते हैं. हर ओवर में दांव की राशि बदलती जाती है. निर्धारित रन पर सटोरियों के दो दांव लगते हैं.

यस और नो की लगती है बोली

दांव में यस और नो की बोली लगाई जाती है. 5 ओवर के पहले सेशन के बाद ही प्रति ओवर दांव की राशि बदलने लगती है. यस यानी सट्टा बाजार के तय रन बन जाएंगे और नो यानी तय रनों से कम स्कोर होगा. पूरे बीस ओवर को लंबी कहते हैं. इसमें मैच से पहले दांव लगते हैं.

बुकी को मिलता है 3 प्रतिशत

सट्टेबाजी में बुकियों को 3 प्रतिशत का फायदा होता है. यानी किसी ने हार या जीत का दांव लगाया तो उस पर लगी राशि का 3 प्रतिशत मिलता है. छोटी राशि का भुगतान बुकी को क्लाइंट से मिल जाता है, लेकिन बड़ी राशि के लिए मुंबई या नागपुर से पैसे आते हैं.

'सट्टेबाजी का यह एक बहुत बड़ा गिरोह है. सट्टेबाजी को लेकर मिल रही शिकायतों के बाद पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है. पकडे़ गए सट्टेबाज सरगना का नाम प्रभात कुमार है. आईपीएल के एक मैच पर तीन से चार लाख रुपए लगाने की जानकारी मिली है.'

- मनु महाराज, एसएसपी, पटना