- यूपी एसटीएफ ने मंगलवार को बागपत में पेपर लीक गैंग के सरगना अंकित पूनिया को किया था अरेस्ट

- गैंग के नेटवर्क पर कार्रवाई कर गोरखधंधे की कमर तोड़ने की तैयारी

LUCKNOW :तमाम सरकारी प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक कर गड़बड़ी फैलाने वालों को उनके अंजाम तक पहुंचाने की तैयारी है। इसके लिये अब एसटीएफ पेपर लीक गैंग के पूरे नेटवर्क को ही ध्वस्त करने का प्लान बना रही है, ताकि भविष्य में कोई भी प्रतियोगी परीक्षाओं में ऐसी कोई हरकत न कर सके जिससे पूरी कवायद पर ही प्रश्नचिन्ह लग जाये। बागपत के बड़ौत में मंगलवार को दबोचे गए पेपर लीक गैंग के सरगना अंकित पूनिया से पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर प्रदेश के विभिन्न जगहों पर कार्रवाई की जाएगी।

कई परीक्षाओं में पेपर लीक करा चुका है अंकित

मंगलवार को यूपी एसटीएफ टीम ने बागपत के बड़ौत में घेराबंदी कर लंबे समय से फरार चल रहे पेपर लीक गैंग के सरगना मेरठ निवासी अंकित पूनिया को अरेस्ट किया था। पूछताछ के दौरान अंकित ने बताया था कि विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में अभ्यर्थियों से पैसा लेकर पेपर आउट कराकर और भर्ती परीक्षा में साल्ॅवर बैठाकर भर्ती कराने के धंधे में वह करीब आठ साल से लिप्त था। बताया कि वह पहले बागपत के अरविंद राणा के साथ यह काम करता था, बाद में पैसों के लेनदेन को लेकर उसका अरविंद राणा से विवाद हो गया था। इसके बाद उसने अपना अलग काम शुरू कर दिया। अंकित ने बताया था कि अभ्यर्थियों से मोटी रकम वसूल कर 100 से अधिक प्रतियोगी परीक्षाओं में वह अपनी करतूत में सफल रहा था।

पूर्वाचल तक फैला है नेटवर्क

एसटीएफ सूत्रों के मुताबिक, अंकित ने पूछताछ के दौरान नेटवर्क के बारे में कई चौकाने वाले खुलासे किये हैं। उसने बताया कि अरविंद राणा के साथ काम करते वक्त ही उसने अपना समानांतर नेटवर्क बनाना शुरू कर दिया था। पश्चिमी यूपी के साथ ही उसके गुर्गे पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी हैं। जो न सिर्फ अभ्यर्थियों को तलाश कर उस तक पहुंचाते हैं बल्कि, परीक्षाओं में सॉल्वर्स बैठाने से लेकर पेपर लीक तक कराने में उसकी मदद करते हैं। इस खुलासे के बाद एसटीएफ के भी कान खड़े हो गए हैं। पेपर लीक व सॉल्वर्स गैंग के खात्मे की दिशा में जी-जान से जुटी एसटीएफ अब पेपर लीक गैंग और सरगना के बाद नेटवर्क पर कार्रवाई की तैयारी में जुट गई है। इसके लिये एसटीएफ की मेरठ, गाजियाबाद, अलीगढ़, बरेली यूनिट के अलावा गोरखपुर, प्रयागराज, वाराणसी के साथ ही लखनऊ यूनिट को अलर्ट किया गया है। अब यह यूनिट्स नेटवर्क को तलाशकर उनके खिलाफ कार्रवाई करेंगी।

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एक्टिव हैं नौ सॉल्वर गैंग

एसटीएफ सूत्रों ने बताया कि पुलिस कॉन्सटेबल भर्ती परीक्षा में मेरठ में सॉल्वर गैंग के सरगना कस्टम सुपरीटेंडेंट विजय तोमर उर्फ नीटू समेत तीन आरोपियों को अरेस्ट किया था। आरोपी विजय से पूछताछ में उसके गैंग की जड़ें पश्चिमी यूपी के कई जिलों में फैली होने की जानकारी मिली थी। इसके साथ ही भर्ती परीक्षाओं में धांधली करने वाले गैंगों का पता लगाने के लिये इंटेलिजेंस इनपुट जुटाया गया। जिसमें पता चला कि फिलवक्त पश्चिमी यूपी में नौ सॉल्वर गैंग एक्टिव हैं जो कि विभिन्न भर्ती परीक्षाओं में अभ्यर्थियों को पास कराने के एवज में उनसे मोटी रकम ऐंठते हैं। बताया गया कि इन गैंगों की कई कॉलेजों के प्रबंधन से भी मिलीभगत हैं, जो उनकी मदद करते हैं। इनका नेटवर्क पूर्वी यूपी और बिहार तक फैला हुआ है। यही वजह है कि अब इन गैंगों के छोर यानी नेटवर्क को निशाने पर लिया जाएगा।