- रोजाना कम से कम दो लोग हो रहे हादसे के शिकार

- अचानक सड़क दुर्घनाएं बढ़ने से बढ़ी पुलिस की टेंशन

द्दह्रक्त्रन्य॥क्कक्त्र: जिले के शातिर बदमाशों पर नकेल कसने वाली पुलिस को हादसों ने डरा दिया है। खूनी सड़कों पर रोजाना हो रहे एक्सीडेंट से पुलिस परेशान हो गई है। सड़क दुर्घटना के बाद एक तरफ जहां कानूनी औपचारिकता पूरी करने में पसीना छूटता है। वहीं, घायलों को अस्पताल पहुंचाने से लेकर उनके परिजनों को सूचना देने तक की जिम्मेदारी पुलिस निभा रही है। पुलिस अफसरों का कहना है कि अपराध को काबू किया जा सकता है। लेकिन एक्सीडेंट की घटनाओं को कैसे कम किया जा सकता है।

चार दिन में 10 लोगों ने जान गंवाई

जिले में एक्सीडेंट के मामले बढ़ते जा रहे हैं। चार दिनों के भीतर दो मासूमों सहित 10 लोगों की एक्सीडेंट में मौत हो चुकी है। जिले में अलग-अलग जगहों पर हुए एक्सीडेंट में घायलों की तादाद भी 30 पार कर गई। एक्सीडेंट के बढ़ते जा रहे मामलों से पुलिस भी हलकान हो गई है। पुलिस से जुड़े लोगों का कहना है कि लापरवाही की वजह से लोगों की जान जा रही है।

हाल में हुई घटनाएं

7 मई 2019: चौरीचौरा में बस की चपेट में आने से बुजुर्ग की मौत, अन्य जगहों पर एक्सीडेंट में चार घायल हुए।

16 मई 2019: अलग-अलग जगहों पर एक्सीडेंट में कक्षा पांच की छात्रा सहित की मौत, चार अन्य घायल।

14 मई 2019: सहनजवां एरिया में दो बाइक के बीच टक्कर, तीन युवकों की मौत हुई। एक एक्सीडेंट में घायल ने अस्पताल में दम तोड़ा। पांच लोग घायल हुए।

13 मई 2019: जिले में अलग-अलग जगहों पर हुए एक्सीडेंट में बच्चे सहित चार लोगों की मौत हो गई। 10 अन्य एक्सीडेंट में घायल हुए।

ट्रैफिक पुलिस चलाएगी जागरुकता अभियान

सड़क हादसों को रोकने के लिए ट्रैफिक पुलिस अभियान की शुरुआत करेगी। एसपी ट्रैफिक का कहना है कि हादसे रोकने के लिए जागरुकता अभियान चलाए जाते हैं। इलेक्शन के बाद फिर इसकी शुरुआत की जाएगी। पब्लिक की लापरवाही से लोगों को जान गंवानी पड़ती है।

ये बरतें सावधानी

- वाहन चलाते समय ट्रैफिक नियमों का पालन करें।

- तेज रफ्तार वाहन चलाने से परहेज करें। ओवरटेकिंग में सावधानी बरतें।

- बड़े वाहनों से निश्चित दूरी बनाकर चलें। ट्रैफिक साइन का प्रयोग करते हुए वाहन चलाएं।

- खराब सड़क होने पर धैर्य के साथ चलें। जल्दबाजी में हादसे के शिकार हो सकते हैं।

- वाहनों पर ओवरलोडिंग न करें खासकर बाइक पर तीन सवारी या ज्यादा सामान लादकर सफर न करें।

- निर्माणाधीन सड़कों पर सावधानी पूर्वक चलें। गिट्टी और कच्ची मिट्टी पर फिसलने का खतरा रहता है।

एक्सीडेंट की प्रमुख वजहें

- तेज रफ्तार और जबरन ओवरटेकिंग

- नशे में धुत होकर वाहन चलाना

- ओवरलोडिंग और जबरन वाहन आगे बढ़ाने की वजह

- नाबालिगों और अनट्रेंड ड्राइवर्स को वाहन चलाने के लिए देना

- जल्दबाजी में घर से निकलना, वाहन चलाते समय मोबाइल पर बात करना, हेडफोन लगने से ध्यान का बंटना

वर्जन

सड़क एक्सीडेंट रोकने के लिए समय-समय पर जागरुकता अभियान चलाए जाते हैं। हाल के दिनों में सड़क हादसे बढ़े हैं। एक्सीडेंट रोकने के लिए फिर से अभियान चलाए जाएंगे।

आदित्य प्रकाश वर्मा, एसपी ट्रैफिक