लखनऊ (पीटीआई)। संस्कृत भाषा को सम्मान और पहचान देने के लिए अब योगी सरकार एक नया कदम उठा रही है। संस्कृत को बढ़ावा देने के लिए राज्य का सूचना विभाग अब हिंदी, अंग्रेजी और उर्दू के साथ संस्कृत में प्रेस विज्ञप्ति जारी करेगा। खास बात तो यह है कि सोमवार को इसकी पहल करते हुए सूचना विभाग ने संस्कृत में एक प्रेस नोट जारी भी किया था।

सीएम  के भाषण को संस्कृत में अनुवाद किया जाएगा

वहीं इस संबंध में सूचना विभाग के वरिष्ठ अधिकारीने कहा कि सीएम योगी आदित्यनाथ और सरकार की से जुड़ी सारी जानकारी को अब हिंदी, अंग्रेजी और उर्दू के साथ संस्कृत में भी रिलीज किया जाएगा। सूचना विभाग ने सीएम योगी के भाषण आदि को संस्कृत में अनुवाद करने के लिए लखनऊ स्थित राष्ट्रीय संस्कृत संस्थान की मदद ने लेने का निर्णय लिया है।

योगी ने जो भाषण दिए थे वो संस्कृत में रिलीज हुए
हाल ही में दिल्ली में अयोजित नीति आयोग की बैठक में सीएम योगी ने जो भाषण दिए थे वो संस्कृत में रिलीज हुए थे। सोमवार को सीएम योगी ने कहा था कि संस्कृत देश के डीएनए में थी और आज भी है। उन्होंने कहा कि संयोग से यूपी में 25 आवधिक हैं जो संस्कृत में मुद्रित हैं। सीएम योगी ने कुछ दिन पहले ही संकेत दिया था वे संस्कृत के प्रचार-प्रसार के लिए कई बड़े कदम उठाने जा रहे हैं।

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