छ्वन्रूस्॥श्वष्ठक्कक्त्र: मानगो उलीडीह संजय पथ निवासी ललन सिंह के पुत्र विशाल सिंह की हत्या के वक्त उसके साथी भागकर झाड़ी में छुप गए. इससे उनकी जान बच गई. यह जानकारी हत्यारोपियों ने पुलिस पूछताछ में दी है.

विशाल की हत्या 10 मई को गोली मार हत्या कर दी गई थी. हत्या में पुलिस टीम ने उलीडीह हयातनगर निवासी सोहेल हुसैन अंसारी, शंकोसाई रोड नंबर एक के निखिल कुमार साव, उलीडीह परमानंद नगर के रमेश कुमार वर्मा और भोला महतो उर्फ भोला बाक्सर को गिरफ्तार किया है जबकि एक अन्य आरोपित राहुल कुमार गुप्ता उर्फ शोले ने बुधवार को न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया. उसे रिमांड पर लेकर पुलिस पूछताछ करेगी. हत्या में गिरफ्तार आरोपितों से उलीडीह पुलिस ने गहन पूछताछ की. गुरुवार को न्यायालय में सभी को प्रस्तुत किया गया. इसके बाद सभी को जेल भेज दिया गया.

दी थी गालियां

इससे पहले पूछताछ में आरोपितों ने बताया कि घटना के दिन उनके साथ कुंदन सिंह, उत्तम महतो व राहुल गुप्ता उर्फ शोले खडि़या बस्ती के उस स्थान पर पहुंचे, जहां विशाल सिंह, विशाल तामसोय, विकास कुमार गिरी और रौशन अंधेरे में शराब पी रहे थे. विकास कुमार गिरी को उत्तम महतो ने गाली देते हुए कहा कि तुम्हें अब कौन बचाएगा. विशाल सिंह बीच-बचाव करने लगा. इस पर बकझक होने लगी. कुंदन सिंह और उत्तम महतो ने विशाल सिंह पर गोलियां चला दी. विशाल जमीन पर गिर गया. इसका फायदा उठाते हुए विकास गिरी, रौशन और विशाल तामसोय भाग निकले. झाडि़यों में जाकर छुप गए. टार्च जलाकर उन सभी की खोज की गई, लेकिन वे लोग नहीं मिले. उत्तम महतो और कुंदन सिंह ने कहा कि विशाल सिंह को ऐसे ही छोड़ना ठीक नहीं होगा. उत्तम महतो से पिस्तौल लेकर रोहित ने विशाल पर गोलियां दाग दी. राहुल ने भी गोलियां चलाई. इसके बाद उसने विशाल सिंह का सिर पत्थर से कूच दिया गया. आरोपितों ने बताया कि उत्तम महतो और राहुल गुप्ता की विकास कुमार गिरी से दुश्मनी थी. विकास गिरी को ही वे लोग मारने गए थे. आरोपितों ने बताया कि सभी आपस में मित्र हैं. गांजा और शराब सेवन साथ-साथ करते थे.