क्त्रन्हृष्ट॥ढ्ढ : सिटी में साफ-सफाई की व्यवस्था पटरी से उतरी हुई है. पब्लिक प्लेसेज पर जहां-तहां कूड़ा-कचरा पसरा हुआ है. कई इलाकों में डोर-टू-डोर वेस्ट कलेक्शन का काम भी बंद है. लेकिन, सफाई एजेंसी एसेल इंफ्रा के खिलाफ नगर निगम कोई कार्रवाई नहीं कर रही है. ऐसे में पार्षदों का आक्रोश बढ़ता जा रहा है और वे अब सफाई एजेंसी के खिलाफ गोलबंद हो रहे हैं. उनका कहना है कि टर्मिनेशन नोटिस दिए जाने के बाद भी एजेंसी से सफाई का काम क्यों नहीं छीना जा रहा है. आखिर कौन है जो सफाई एजेंसी को बचाने का प्रयास कर रही है.

सफाई में आई थी तेजी

रांची नगर निगम ने आरएमएसडब्ल्यू को पिछले साल सफाई में सुधार नहीं करने को लेकर टर्मिनेशन नोटिस जारी किया था. इसके बाद से एजेंसी को दो बार एक्सटेंशन भी दिया गया. नोटिस मिलने के बाद एजेंसी जैसे ही रांची नगर निगम ने दोबारा एजेंसी को काम करने की परमिशन दी तो व्यवस्था पहले की तरह ही हो गई और फिलहाल सफाई का काम काफी धीमी गति से चल रहा है.

दो साल में मात्र 33 वार्ड ही कवर

मेकेनाइज्ड क्लिनिंग के तहत सफाई एजेंसी को सभी वार्डों में डोर- टू -डोर वेस्ट कलेक्शन करना है. लेकिन, पिछले दो सालों में एजेंसी ने 33 वार्डो में ही डोर टू डोर वेस्ट कलेक्शन शुरू किया है. बाकी के वार्डो में अब भी रिक्शा से ही वेस्ट कलेक्शन चल रहा है. इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि एजेंसी रांची नगर निगम क्षेत्र में आने वाले सभी वार्डो को भी कवर नहीं कर पाई है.