-केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जारी की गाइडलाइन, विभाग ने 3 टीमों का किया गठन, ध्वनि और जल प्रदूषण को मापा जाएगा

-शहर के 13 घाटों पर बनाए जाएंगे तालाब, गणेश चतुर्थी और दुर्गा पूजा के बाद विसर्जन के लिए होंगे तैयार

kanpur@inext.co.in

KANPUR : गणेश चतुर्थी और दुर्गा पूजा के बाद विसर्जित की जाने वाली मूर्तियों को लेकर प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने गाइडलाइन जारी कर दी है. इसके तहत कानपुर में 13 घाटों के किनारे मूर्ति विसर्जन के लिए कृत्रिम तालाबों का निर्माण किया जाएगा. इसके साथ ही केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने गाइडलाइन जारी कर मूर्ति विसर्जन से पहले और बाद में ध्वनि और जल प्रदूषण की जांच की जाएगी. बता दें कि 13 सितंबर को गणेश चतुर्थी है. कानपुर में लगभग 1000 से ज्यादा छोटी-बड़ी गणेश मूर्तियों को विसर्जित किया जाता है. वहीं 19 अक्टूबर को दुर्गा पूजा के बाद 1200 से ज्यादा छोटी-बड़ी दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा. जारी निर्देशों के मुताबिक उ. प्र. प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड मूर्ति विसर्जन के पहले, विसर्जन के दौरान और इसके बाद जल और ध्वनि प्रदूषण की जांच की जाएगी.

3 टीमों का गठन

विभाग के क्षेत्रीय अधिकारी कुलदीप मिश्रा ने बताया कि नगर आयुक्त संतोष कुमार शर्मा को किए जाने वाले कार्यो से अवगत करा दिया गया है. जल और ध्वनि प्रदूषण की जांच के लिए 3 टीमों का गठन किया गया है, जो निर्धारित तारीखों में जांच चयनित स्थलों पर जांच करेंगी. जांच में दौरान पानी में मिलने वाली पीएच, टर्बीडिटी, कंडक्टीविटी, टीडीएस, टीएस, घुलित ऑक्सीजन, जैव रासायनिक ऑक्सीजन की मांग और रासायनिक ऑक्सीजन की मांग को चेक किया जाएगा.

-------------

यहां तैयार होंगे कृत्रिम तालाब

बिठूर, गंगा बैराज, परमठ घाट, गोला घाट, मैस्कर घाट, कोयला घाट, सिद्धनाथ घाट, ड्योढ़ी घाट, अर्मापुर इस्टेट नहर के पास, आवास विकास-3 नहर के पास.

----------

यहां जांचा जाएगा जल प्रदूषण

बिठूर, कोयला घाट और ड्योढ़ी घाट.