- कपड़ा व्यापारियों को उम्मीद थी कि 25 करोड़ का होगा कारोबार

- पिछले साल के मुकाबले पर आधी रह गई हीटर, गीजर की डिमांड

BAREILLY:

सर्दी के मौसम में भी लगातार निकल रही धूप के चलते इस बार लोगों को सर्दी का सितम ज्यादा नहीं सता रहा है, लेकिन इससे बाजार बेजार हो गया. न तो गर्म कपड़ों के मार्केट में रौनक है और न ही इलेक्ट्रॉनिक मार्केट में. अंगीठी-कोयले का कारोबार भी ठंडा पड़ा है. व्यापारियों की मानें तो पिछले साल कड़ाके की ठंड के चलते कारोबार अच्छा हुआ, लेकिन इस बार पूरा दिन ग्राहक का इंतजार करते ही बीत जाता है.

गर्म कपड़ों की नहीं बढ़ी डिमांड

बीते साल कड़ाके की ठंड के चलते गर्म कपड़ों की भी खूब बिक्री हुई. व्यापारियों की मानें तो बीते साल सर्दी के पूरे सीजन में 10 करोड़ से ज्यादा का कारोबार हुआ. उम्मीद थी कि इस बार लगभग 25 करोड़ का कारोबार होगा, लेकिन ऐसा हुआ नहीं. पार्टी वियर की डिमांड तो बनी रही, लेकिन ठंड ज्यादा न पड़ने से गर्म कपड़ों की डिमांड नहीं बढ़ी. ऐसे में पूरे सीजन में कारोबार 15 करोड़ से ज्यादा होने की उम्मीद नहीं है.

नहीं बिके हीटर, गीजर

इलेक्ट्रॉनिक बाजार में भी इस बार सर्दी के मौसम में सन्नाटा पसरा रहा. बीते साल हीटर, गीजर आदि की खासी डिमांड रही थी, लेकिन इस बार व्यापारी हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं. व्यापारियों का कहना है कि करीब 50 परसेंट तक इस बार कारोबार में गिरावट आई है. सुबह से शाम हो जाती है लेकिन एक-दो हीटर और गीजर भी नही बिकते हैं. बीते साल लगभग तीन करोड़ का कारोबार हुआ, लेकिन इस बार डेढ़ करोड़ का भी माल नहीं बिका है.

अंगीठी, कोयले का कारोबार भी ठंडा

इस बार ज्यादा ठंड न पड़ने के चलते कपड़ा और इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार के साथ ही अंगीठी और कोयले की दुकानें भी सूनी हैं. व्यापारियों का कहना है कि इस बार पिछले साल के मुकाबले दस परसेंट भी काम नहीं हुआ. लगातार धूप निकलने से इस बार न तो अंगीठी की डिमांड रही और न ही कोयले और लकड़ी की.

वर्जन

ठंड न पड़ने की वजह से इस बार व्यापारियों का बहुत नुकसान हुआ है. इस वर्ष करीब 25 करोड़ रुपए के कारोबार की उम्मीद थी, लेकिन मार्केट कस्टमर ही नहीं आ रहा है. ऐसे में पूरे सीजन का कारोबार 15 करोड़ से ज्यादा होने की उम्मीद नहीं है.

दर्शन लाल भाटिया, अध्यक्ष होलसेल रेडीमेड एवं हौजरी एसोसिएशन

उम्मीद से बहुत कम का कारोबार हुआ. पिछली बार ठंड में कस्टमर की लाइन लगी रहती थी, लेकिन इस बार तो कस्टमर ही देखने को नहीं मिलता है. जितना माल मंगाया था उसमें से आधा भी अब तक सेल नहीं हुआ है.

संजय मेहरोत्रा, रेडीमेड गारर्मेट्स व्यापारी

लास्ट ईयर करीब 3 करोड़ का कारोबार हुआ था, लेकिन इस बार उसका जस्ट आधा ही हुआ है. जबकि ठंड भी जाने ही वाली है. उम्मीद थी कि इस बार करीब 4 करोड़ से ऊपर का कारोबार होगा, लेकिन नही हुआ.

वरुण अग्रवाल, बैकमा मेम्बर

मैं खुद अंगीठी बनाता हूं. हर साल जितनी अंगीठी बिकती थी इस बार उससे आधी भी नहीं बिक रही है. पिछली साल जितनी अंगीठी बना रहे थे सब बिक जा रही थीं. इस बार तो गर्मियों से ही अंगीठी बनाना शुरू कर दिया था, लेकिन इस बार ज्यादा ठंड ही नहीं पड़ी तो अंगीठी कौन खरीदेगा.

युसुफ, अंगीठी दुकानदार